सीओ सदर पवन भदौरिया ने बताया कि भीयाराम का बेटा देवाराम (4), बेटी रविना (7), राधा (5) और टींकू उर्फ पूनम (8) और भींयाराम की भांजी माली पुत्री मघाराम रविवार दोपहर में घर पर खेल रहे थे। इस दौरान बच्चे लोहे की चादर से बनी अनाज की कोठी (टंकी) में घुस गए। बच्चों के टंकी के अंदर घुसने के बाद ढक्कन बंद हो गया और पांचों बच्चें उसमें कैद हो गए, जिससे उनका दम घुट गया।