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43 दिनों में 4 रूट पर चली महज 5 बसें, पूरा स्टाफ ना डिपो तैयार

वर्तमान में बसों का संचालन बीकानेर से देशनोक, नापासर, खारा और जयपुर-जोधपुर बाइपास तक हो रहा है। निगम ने नगरीय क्षेत्र में ई-बस संचालन के लिए कुल 25 रूट फाइनल किए हैं।
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ई बस

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नगरीय परिवहन को त्वरित और किफायती बनाने के लिए शुरू की गई ई-बस सेवा 43 दिन बाद भी शुरुआती रफ्तार से आगे नहीं बढ़ पाई है। स्वतंत्रता दिवस पर शुरू हुई सेवा में अब तक नगर निगम चार रूट पर महज पांच बसों का संचालन कर पाया है, जबकि प्रथम चरण में 75 ई-बसों को 25 रूट पर चलाने की योजना है। स्थिति यह है कि बसों के लिए बनाया जा रहा डिपो भी पूरी तरह तैयार नहीं है, संबंधित फर्म को अभी पूरी तरह हैंडओवर नहीं हुआ है और संचालन के लिए आवश्यक स्टाफ की नियुक्ति भी पूरी नहीं हुई है। नगर निगम पिछले 43 दिनों में चार रूट पर पांच ई-बसें ही चला पाया है। वर्तमान में बसों का संचालन बीकानेर से देशनोक, नापासर, खारा और जयपुर-जोधपुर बाइपास तक हो रहा है। निगम ने नगरीय क्षेत्र में ई-बस संचालन के लिए कुल 25 रूट फाइनल किए हैं। निगम के ई-बस सेवा नोडल अधिकारी पवन बंसल के अनुसार जल्द ही और बसें प्राप्त होंगी। इनके उपलब्ध होने के बाद अन्य रूट पर संचालन शुरू किया जाएगा।

25 रूट पर चलनी हैं 75 बसें
ई-बस योजना में बस संचालन व्यवस्था देख रहे कनिष्ठ अभियंता गोपालराम के अनुसार प्रथम चरण में 75 बसों का संचालन प्रस्तावित है। अभी तक पांच बसें बीकानेर पहुंची हैं और इन्हीं का चार रूट पर संचालन हो रहा है। उनका कहना है कि अगले महीने कुछ और बसें बीकानेर पहुंचने की संभावना है, जिन्हें अन्य रूट पर चलाया जाएगा।

15 चार्जिंग पॉइंट में दो ही तैयार
एमजीएसयू के सामने स्थित ई-बस डिपो में बसों की चार्जिंग, मेंटीनेंस और पार्किंग की व्यवस्था की जानी है। 75 बसों के संचालन को देखते हुए डिपो परिसर में 15 चार्जिंग पॉइंट तैयार किए जाने हैं। इनमें से अभी केवल दो चार्जिंग पॉइंट तैयार होकर उपयोग में आ रहे हैं, जबकि शेष 13 के निर्माण का काम चल रहा है। इधर. ई-बस संचालन के शुरुआती चरण में यात्री भार और राजस्व भी अपेक्षित स्तर तक नहीं पहुंच पाया है। निगम के अनुसार वर्तमान में पांचों बसों में प्रतिदिन औसतन 800 से 900 यात्री सफर कर रहे हैं। इनसे प्रतिदिन करीब 16 से 18 हजार रुपए का राजस्व प्राप्त हो रहा है। फिलहाल उपलब्ध राजस्व के मुकाबले संचालन लागत अधिक होने से सेवा घाटे में चल रही है।