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बीकानेर: मरा हुआ आदमी खुद आया जमीन बेचने! रजिस्ट्री ऑफिस में असली वारिसों को देख उड़े अफसरों के होश, जानें फिर क्या हुआ?

बीकानेर के खाजूवाला तहसील कार्यालय में मृत खातेदार की जगह फर्जी व्यक्ति आधार और पैन कार्ड के जरिए जमीन की रजिस्ट्री कराने पहुंच गया। दस्तावेजों की जांच में फर्जीवाड़ा पकड़ में आने पर प्रक्रिया रोक दी गई। तहसीलदार की रिपोर्ट पर पुलिस ने पांच आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
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बीकानेर

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Arvind Rao

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Updated: 29 Jul 2026, 2:07 PM IST

khajuwala bikaner land registry scam

बीकानेर के खाजूवाला में मरा हुआ आदमी खुद आया जमीन बेचने! (फोटो-एआई)

खाजूवाला (बीकानेर): राजस्थान के बीकानेर जिले की खाजूवाला तहसील कार्यालय से फर्जीवाड़े का एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां एक मृत व्यक्ति की जगह फर्जी इंसान को खड़ा करके और कूटरचित आधार व पैन कार्ड के जरिए जमीन की रजिस्ट्री कराने की कोशिश की गई। तहसील प्रशासन की सतर्कता और मृतक के असली परिजनों की आपत्ति के बाद इस साजिश का भंडाफोड़ हुआ।

27 जुलाई की शाम को दी गई थी बैनामा पंजीयन की अर्जी

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, घटना 27 जुलाई की शाम करीब 4:30 बजे की है। खाजूवाला तहसील कार्यालय में चक 6 बीजीएम (6 BGM) स्थित भूमि से संबंधित दो बैनामा पंजीयन (रजिस्ट्री) के दस्तावेज प्रस्तुत किए गए थे। पेश किए गए दस्तावेजों में भूमि विक्रेता के रूप में 'दानाराम' का नाम दर्ज था।

असली वारिसों की आपत्ति से रुका मामला

रजिस्ट्री की प्रक्रिया चल ही रही थी कि तभी जमीन के असली खातेदार दानाराम के परिजन तहसील कार्यालय पहुंचे और उन्होंने तुरंत आपत्ति जताई। परिजनों ने तहसील अधिकारियों को बताया कि कार्यालय में मौजूद व्यक्ति असली दानाराम नहीं है। उन्होंने खुलासा किया कि भूमि के वास्तविक खातेदार दानाराम की तो काफी समय पहले ही मृत्यु हो चुकी है और उनकी जगह किसी 'नकली' व्यक्ति को खड़ा किया गया है।

जांच में पकड़ में आया फर्जीवाड़ा

परिजनों की गंभीर आपत्ति के बाद तहसील प्रशासन ने तुरंत रजिस्ट्री की प्रक्रिया रोक दी। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए तहसीलदार एवं उप पंजीयक हरिश कुमार टाक ने पेश किए गए दस्तावेजों की गहनता से जांच करवाई।

प्राथमिक जांच में सामने आया कि संबंधित व्यक्ति का आधार कार्ड और पैन कार्ड पूरी तरह फर्जी था। इतना ही नहीं, जांच में यह भी सामने आया कि तहसील क्षेत्र में संबंधित फर्जी व्यक्ति के नाम कोई भूमि दर्ज ही नहीं थी।

5 लोगों पर धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज

पूरे प्रकरण को संदिग्ध और गंभीर मानते हुए तहसीलदार ने खाजूवाला थाना पुलिस में औपचारिक रिपोर्ट दी। तहसीलदार की ओर से दी गई रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने फर्जी दानाराम, जमीन खरीदार वेद प्रकाश, गवाह राजूराम व अन्नाराम तथा अन्य संबंधित लोगों के खिलाफ आपसी मिलीभगत से धोखाधड़ी करने और फर्जी दस्तावेज तैयार करने सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने नामजद आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई और जांच शुरू कर दी है।