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अब तक 19 की मौत, 190 मरीज स्वाइन फ्लू पॉजिटिव

जिले में स्वाइन फ्लू बेकाबू होता जा रहा है। स्वाइन फ्लू से हर दूसरे दिन एक मौत हो रही है
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बीकानेर

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dinesh kumar swami

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Updated: 8 Feb 2019, 11:01 AM IST

So far 19 deaths, 190 patients swine flu positive

अब तक 19 की मौत, 190 मरीज स्वाइन फ्लू पॉजिटिव

बीकानेर. जिले में स्वाइन फ्लू बेकाबू होता जा रहा है। स्वाइन फ्लू से हर दूसरे दिन एक मौत हो रही है। बुधवार व गुरुवार रात को एक-एक और मरीज की मौत हो गई। अब तक इस बीमारी से मरने वालों का आंकड़ा 1९ पहुंच गया है। वहीं गुरुवार को स्वाइन फ्लू के पांच पीडि़त और नए रिपोर्ट हुए हैं। पीबीएम अस्पताल के मेडिसिन विभागाध्यक्ष डॉ वीबी सिंह ने बताया कि बुधवार को स्वाइन फ्लू पीडि़त एक और व्यक्ति की मौत हो गई। इस बीमारी से मरने वालों में नौ बीकानेर, पांच चूरू व चार श्रीगंगानगर-हनुमानगढ़ के मरीज शामिल हैं। वहीं बुधवार व गुरुवार को स्वाइन फ्लू की आशंका के चलते 4३ मरीजों की जांच कराई गई, जिनमें से ५ में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई है। स्वाइन फ्लू की आशंका के चलते अब तक बीकानेर जिले के 1२२८ लोगों की जांच की गई, जिसमें से 1९० में स्वाइन फ्लू की पुष्टी हुई है। वहीं अन्य जिलों के ६५ मरीजों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। वहीं स्वाइन फ्लू लैब में अब तक 1४९८ सैम्पलों की जांच की जा चुकी है, जिसमें से 2५० की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है।

साढ़े तीन लाख लोगों की स्क्रीनिंग
सीएमएचओ डॉ बीएल मीणा के मुताबिक चार फरवरी से विशेष अभियान शुरू किया गया है जो नौ फरवरी तक चलेगा। अभियान में शामिल नर्सिंग विद्यार्थी, आशा, एएनएम व अन्य स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं के २०० दल शामिल है। दलों ने चार दिन में एक लाख १८ हजार ४२९ घरों का सर्वे कर तीन लाख ५१ हजार १२३ व्यक्तियों, ९२८ विद्यालयों के ७३ हजार १६७ विद्यार्थियों, २१ हॉस्टलों के एक हजार ९६८ व छह रैन बसेरे के ६११ व्यक्तियों की स्क्रीनिंग की गई जिसमें ४४ हजार ५८४ व्यक्तियों में खांसी-जुकाम के लक्षण पाए गए। एपिडेमियोलोजिस्ट नीलम प्रताप सिंह ने बताया कि स्क्रीनिंग के बाद कैटेगरी ए, बी व सी के अनुसार पृथक कर खांसी-जुकाम पीडि़तों को पैरासिटामॉल व टेमीफ्लू दी गई। २५२ व्यक्तियों को हाई रिस्क श्रेणी में चिन्हित किया गया। आयुष दलों की ओर से विभिन्न स्थानों पर शिविर लगाकर डेंगू-मलेरिया व स्वाइन फ्लू के प्रति रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने वाला आयुर्वेदिक काढ़ा पिलाया गया।