
जियो प्लेटफॉर्म्स के आईपीओ को दुनिया में सबसे ज्यादा आवेदन मिले हैं। (PC: AI)
रिलायंस ग्रुप की कंपनी जियो प्लेटफॉर्म ने शेयर बाजार के इतिहास में वो कर दिखाया है, जो आज तक दुनिया का कोई भी आईपीओ नहीं कर पाया। जियो प्लेटफॉर्म्स दुनिया का पहला ऐसा आईपीओ बन गया है, जिसमें 1 करोड़ से ज्यादा निवेशकों ने अपनी बोलियां लगाई हैं। शुक्रवार, 23 अक्टूबर को करीब 1 बजे यह आंकड़ा पार हो गया। इससे पहले यह रिकॉर्ड वारी एनर्जीज के नाम था, जिसमें करीब 97 लाख आवेदन आए थे। वहीं, बजाज हाउसिंग फाइनेंस और भारत कोकिंग कोल के आईपीओ में भी करीब 90-90 लाख अर्जियां आई थीं, लेकिन जियो ने सबको बहुत पीछे छोड़ दिया।
लाइव मिंट की एक रिपोर्ट के अनुसार, जियो प्लेटफॉर्म्स के पास कुल मिलाकर 4 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा की डिमाांड आ चुकी है। इसमें से करीब 2.5 लाख करोड़ रुपये तो एंकर निवेशकों की तरफ से आए हैं और बाकी 1.5 लाख करोड़ रुपये आम और संस्थागत निवेशकों ने लगाए हैं। शुक्रवार दोपहर 2:35 बजे तक यह इश्यू कुल 11.05 गुना भर चुका था। 19.75 करोड़ शेयरों के मुकाबले 218.18 करोड़ से ज्यादा शेयरों के लिए बोलियां आ चुकी थीं।
सबसे ज्यादा जोश बड़े संस्थागत खरीदारों (QIB) में दिखा, जिनका कोटा 27.51 गुना सब्सक्राइब हो चुका था। वहीं, गैर-संस्थागत निवेशकों (NII) का हिस्सा 12.72 गुना और आम रिटेल निवेशकों का हिस्सा 2.41 गुना भर चुका था। अकेले रिटेल निवेशकों ने ही 22,948 करोड़ रुपये से ज्यादा का दांव लगा दिया है। इसके अलावा रिलायंस के मौजूदा शेयरधारकों के लिए तय कोटा 6.81 गुना और कर्मचारियों का हिस्सा 2.70 गुना सब्सक्राइब हो चुका था।
ग्रे मार्केट में जियो प्लेटफॉर्म के जीएमपी में सुधार हुआ है। इन्वेस्टर गेन के अनुसार, शुक्रवार दोपहर 1 बजकर 37 मिनट पर यह 254 रुपये या 22.70 फीसदी के प्रीमियम पर ट्रेड करता दिखा। इस तरह इस शेयर की लिस्टिंग स्टॉक एक्सचेंजों पर 1373 रुपये पर हो सकती है। हालांकि, जीएमपी लिस्टिंग पर रिटर्न की गारंटी नहीं देता है।
(डिस्क्लेमर: यह आर्टिकल सिर्फ जानकारी मात्र है। यह निवेश की सलाह नहीं है। शेयर मार्केट/म्यूचुअल फंड में निवेश जोखिम भरा होता है। कहीं भी पैसा लगाने से पहले अपने निवेश सलाहकार से परामर्श लें।)
Updated on:
23 Oct 2026, 3:57 PM IST
Published on:
23 Oct 2026, 2:31 PM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.