30 अक्टूबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

टीम से निकाले जाने पर भड़के इरफान, कहा गुड मार्निग और यस बॉस करने से मिलता है मौका

बड़ौदा की कप्तानी गंवाने के बाद टीम से निकाले जाने पर इरफान पठान अपने गुस्से पर लगाम नहीं रख सके।
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

नई दिल्ली

•

image

Prabhanshu Ranjan

•

Updated: 1 Nov 2017, 2:48 PM IST

irfan pathan

नई दिल्ली। टीम इंडिया के स्टार तेज गेंदबाज इरफान पठान को बड़ौदा की रणजी टीम से बाहर कर दिया गया है। पहले पठान से टीम की कमान छीन ली गई थी और उसके बाद उन्हें तीसरे राउंड के मैच के लिए टीम से बाहर का रास्ता दिखाया गया। टीम से बाहर निकाले जाने के बाद इरफान का गुस्सा फूट पड़ा। गुस्से में इरफान ने अपने आधिकारिक ट्विटर अकाउंड पर एक पोस्ट लिखा है, जिसमें वे अपने बॉस पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। ट्वीट पर काफी लोगों ने अपनी प्रतिक्रिया ही जाहिर की है। इसमें लोगों ने इरफान की बातें पर अपनी सहमति भी दी है।

देखें ट्वीट

क्या लिखा है ट्वीट में

"जो लोग अपने बॉस के सामने हां नहीं करते और उन्हें सुबह गुड मॉर्निंग नहीं कहते उनके बॉस उनके खिलाफ जाते हैं। लेकिन आप अपना करते रहिए।"

लोगों की प्रतिक्रिया

क्या है पूरा माजरा
भारतीय क्रिकेट टीम में वापसी करने की उम्मीद कर रहे इरफान पठान ने बड़ौदा की रणजी ट्राफी टीम की कप्तानी और फिर घरेलू टीम से ही बाहर किये जाने पर टीम प्रशासकों के खिलाफ गुस्सा जाहिर किया है। रणजी ट्राफी के दो राउंड समाप्त होने के बाद इरफान को न सिर्फ बड़ौदा क्रिकेट टीम की कप्तानी से हटा दिया गया है बल्कि उन्हें तीसरे राउंड के मैच के लिये त्रिपुरा के खिलाफ 15 सदस्यीय टीम से भी बाहर कर दिया गया है। बड़ौदा की टीम ग्रुप सी में शामिल है और उसका प्रदर्शन निराशाजनक रहा है। वह फिलहाल ग्रुप में आखिरी पायदान पर है। बुधवार से शुरू हुये तीसरे दौर के मैच के लिये बड़ौदा की कप्तानी ऑलराउंडर दीपक हुड्डा को सौंपी गयी है।

लोगों का मिला समर्थन
हालांकि टीम के सीनियर खिलाड़ी इरफान का टूर्नामेंट में अब तक प्रदर्शन खास नहीं रहा है और उन्होंने केवल दो विकेट ही निकाले हैं। बड़ौदा के सीनियर और अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी इरफान ने इस निर्णय पर अपना गुस्सा सार्वजनिक तौर पर जाहिर किया है। इरफान भले ही राष्ट्रीय टीम से लंबे अर्से से बाहर चल रहे हैं लेकिन उनके समर्थकों ने घरेलू टीम से उन्हें हटाने पर नाराजगी जताते हुये क्रिकेटर का भरपूर समर्थन किया है। गौरतलब है कि इरफान ने भारतीय टीम की ओर से अपना आखिरी टेस्ट मैच वर्ष 2008 में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ खेला था जबकि अपना आखिरी वनडे 2012 में खेला था।