
क्लासरूम में ही फंदे पर झूल गई 12वीं की छात्रा, आरोपी टीचर की जमकर धुनाई
Rewari Student Suicide: 12वीं की एक छात्रा जिस क्लास रूम में पढ़ाई करती थी, अपने दोस्तों के साथ हंसती-बोलती थी, उसी क्लास रूम में फांसी से फंदे से झूलकर आत्महत्या कर ली। उसने आत्महत्या के पहले जो सुसाइड नोट को छोड़ा, उसमें मात्र सात शब्दों में पूरी कहानी बंया कर दी। छात्रा ने कॉपी के पन्ने पर लिखा- मेरे मरने का कारण सुनील सर है... उसके इस सुसाइड नोट को आधार मानकर पुलिस मामले की छानबीन में जुटी है। इधर आरोपी शिक्षक की परिजनों ने जमकर पिटाई की। जिसके बाद उसका पुलिस सुरक्षा में इलाज चल रहा है। हैरान करने वाला यह मामला हरियाणा के रेवाड़ी से सामने आया है। यहां एक सरकारी स्कूल में 12वीं की छात्रा ने अपने ही क्लासरूम में पंखे में चुन्नी बांधकर फंदे से लटक कर मर गई।
रेवाड़ी के राजकीय कन्या स्कूल की घटना
रेवाड़ी के गांव माजरा श्योराज स्थित राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल में शुक्रवार को 12वीं कक्षा में पढ़ने वाली 17 साल की नाबालिग लड़की क्लास रूम के अंदर फंदे पर झूलती मिली थी। उसे आनन-फानन में लेकर हॉस्पिटल ले जाया गया था, लेकिन डॉक्टरों ने वहां उसे मृत घोषित कर दिया था। जिसके बाद परिजन उग्र हो गए और आरोपी शिक्षक की दमभर पिटाई की।
सब्जेक्ट चेंज कराना चाहती थी छात्रा
इस मामले में पुलिस ने स्कूल में रखी अलमारी से नोटबुक में लिखा सुसाइड नोट बरामद कर लिया है। चूकि छात्रा नाबालिग थी, इस कारण खबर में हम उसने नाम और पहचान को सार्वजनिक नहीं कर रहे हैं। उसकी मौत के मामले में इसी स्कूल में 12वीं कक्षा में पढ़ने वाली मृतका की चचेरी बहन ने पुलिस को बताया था कि उसकी बहन सुबह घर से स्कूल गई थी। वो अपना हिस्ट्री सब्जेक्ट चेंज कराना चाहती थी। इसके लिए वह हिस्ट्री के टीचर सुनील कुमार के पास गई थी। लेकिन सुनील कुमार ने उसके सब्जेक्ट चेंज कराने वाले आवेदन पर हस्ताक्षर नहीं किए।
देखें छात्रा का सुसाइड नोट
स्कूल के खाली क्लास रूम में लगाई फांसी
स्टाफ रूम से निकलने के बाद उसकी बहन गुस्से में बाहर आई और फिर प्रिंसिपल के कार्यालय की तरफ गई। लेकिन वापस आ गई। कुछ देर क्लास रूम में बेंच पर बैठने के बाद वह स्कूल के ही एक खाली क्लास रूम में गई। उस वक्त उस क्लास रूम में कोई नहीं था और सभी बच्चे बाहर पेड़ के नीचे बाहर बैठे हुए थे। इसी समय उसने खुदकुशी कर ली।
प्रिंसिपल बोलीं- तुरंत हॉस्पिटल पहुंचाया गया लेकिन नहीं बची जान
स्कूल की प्रिंसिपल स्नेहलता ने बताया कि छात्रा को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया था। लेकिन उसे बचाया नहीं जा सका। उसे पहले भी दौरे आते थे। परिवार ने भी स्वीकार किया था कि उनकी बच्ची को दौरे आते हैं। इस मामले को लेकर परिजनों ने टीचर सुनील के खिलाफ पुलिस को शिकायत दी है। देर रात मॉडल टाउन थाना पुलिस मामले की जांच में जुटी थी।
यह भी पढ़ें - पत्नी-बेटी की हत्या के बाद गूगल पर सर्च किया How To Hang, फिर दे दी जान
Published on:
12 Aug 2023 12:47 pm
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.
