जानकारी के अनुसार पुलिस को सूचना मिली थी सैपऊ कस्बे के बाजार स्थित एक शोरूम के अंदर महिला एवं पुरुषों की भीड़ लगी हुई है, और दुकान का शटर बंद कर रखा है। इस शिकायत पर पुलिस शोरूम पहुंच गई, लेकिन शोरूम के आगे की शटर और पीछे के दरवाजे पर बाहर से ताला लगा हुआ था और अंदर ग्राहकों की भीड़ खरीददारी में मशगूल थी। इसी दौरान पुलिस उपाधीक्षक विजय कुमार सिंह ने शोरूम मालिक को बुलाकर शटर पर लगे ताले को खोलने को कहा तो शोरूम मालिक ने अंदर किसी के नहीं होने और शोरूम बंद होने की बात कही। लेकिन पुलिस ने शोरूम मालिक की बातों पर यकीन नहीं करते हुए शोरूम के आगे के शटर और पिछले दरवाजे पर पुलिस कर्मी तैनात कर दिए। पुलिसकर्मियों के शोरूम के गेट पर तैनात होते ही अंदर खरीददारी कर रहे महिला एवं पुरुषों में खलबली मच गई। करीब 1 घंटे तक शोरूम के शटर के आगे और पिछले गेट पर पुलिस बैठी रही। पुलिस को शोरूम का ताला खुलवाने के काफी मशक्कत करनी पड़ी। शोरूम मालिक रामखिलाड़ी कुशवाह ने शोरूम की देखरेख कर रहे सेल्समैन को फोन करके शोरूम का पिछला गेट खुलवाया। जिसमें से बड़ी संख्या में महिला एवं पुरुषों की भीड़ बाहर निकल कर आई। पुलिस ने महिला एवं पुरुष ग्राहकों को हिरासत में लेकर ट्रैक्टर ट्रॉली एवं सरकारी गाड़ी से पुलिस थाने रवाना कर दिया। कार्रवाई को लेकर एसडीएम रामकिशोर मीणा ने बताया कि कोविड-19 गाइडलाइन की धज्जियां उड़ाने का दोषी मानते हुए शोरूम को आगामी आदेश तक सीज कर दिया गया है वहीं थाना प्रभारी को शोरूम मालिक के खिलाफ राजस्थान महामारी अध्यादेश अधिनियम के तहत मुकदमा एवं जुर्माना कार्रवाई के आदेश दिए हैं।