
पुलिस के हत्थे चढ़ा गांजा तस्कर टी. श्रीनिवास
धौलपुर जिले के राजाखेड़ा उपखंड अंतर्गत दिहोली थाना की हवालात की खिड़की तोड़कर फरार हुए 25 हजार रुपये के इनामी अवैध गांजा तस्कर टी. श्रीनिवास को धौलपुर पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद महाराष्ट्र के नागपुर से गिरफ्तार कर लिया है। गांजा तस्कर करीब 12 दिन से फरार चल रहा था और अपनी पहचान छिपाने के लिए लगातार ठिकाने बदल रहा था। पुलिस से बचने के लिए गांजा तस्कर ने तिरुपति बालाजी मंदिर में जाकर बाल और मूंछे तक कटवा ली लेकिन वह पुलिस की नजरों से नहीं बच पाया और आखिर में उसे नागपुर से गिरफ्तार कर लिया। इस दौरान वह एक दफा पर भी गया और पैसे लेकर फिर निकल गया। पुलिस टीम को वह स्पॉट हुआ लेकिन वह तब तक जा चुका था।
पुलिस अधीक्षक सुमित सागरवाल ने बताया कि दिहोली थाने से भागे तस्कर टी.श्रीनिवास निवासी रायपेट्टम थाना गीथानावरम जिला ईस्ट गोदावरी हाल राजमुंदरी आंध्रप्रदेश की तलाश के लिए घटना के बाद ही कई टीमों को सर्च के लिए भेजा। जिस पर एक टीम लगातार तकनीकी साक्ष्य और मिले इनपुट के आधार पर मूवमेंट में रही। तस्कर पहले मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र और आंध्र प्रदेश पहुंचा। पुलिस ने यहां पर करीब छह दिन तक सघन अंतरराष्ट्रीय सर्च ऑपरेशन चलाया। तकनीकी अनुसंधान और आसूचना संकलन के आधार पर पुलिस नागपुर तक पहुंची।
आरोपित टी.श्रीनिवास ने गिरफ्तारी से बचने के लिए उसने तिरुपति बालाजी में सिर और मूंछों के बाल मुंडवाकर अपना हुलिया भी बदल लिया था। लेकिन इसके बाद भी वह ज्यादा दिन नहीं भाग पाया और नागपुर में धरदबोचा गया। फरारी के दौरान उसने दो दस अलग-अलग नंबरों से पत्नी से संपर्क साधा था। एक दफा वह अपने घर भी पहुंचा लेकिन कुछ देर वह चकमा देकर निकल गया। पुलिस उसे पकड़ कर धौलपुर लेकर पहुंची और फिर से दिहोली थाने में रखा है। घटना के बाद अब हवालात पर दो संतरी विशेष तौर पर तैनात किए हैं।
गांजा तस्कर के भागने के दो दिन बाद स्पेशल टीम को सर्च पर लगाया। इनपुट मिला कि वह यूपी के बनारस में पहुंचा। जिस पर टीम बनारस पहुंची लेकिन वह कुछ घंटे रुकने के बाद वहां से निकल गया। इसके बाद टीम उसे लगातार सर्च करती रही और आखिर में उसे धर लिया। कार्रवाई में सीआई शैतान सिंह, एएसआई कन्नू सिंह, प्रेम सिंह, कांस्टेबल हरवेन्द्र, गजेन्द्र व वासुदेव शामिल रहे।
पूछताछ में आरोप लगाने वाला श्रीनिवास ने बताया कि फरार होने के बाद उसने पुलिस की संभावित नाकाबंदी से बचने के लिए सामान्य मार्ग का उपयोग नहीं किया। वह धौलपुर की ओर जाने के बजाय राजाखेड़ा की तरफ करीब 10-12 किलोमीटर तक खेतों और ग्रामीण रास्तों से पैदल चला। वहां से टेम्पो से आगरा, फिर ट्रेन से वाराणसी और विशाखापत्तनम पहुंचा। आरोपित का एक साथी भी पुलिस ने तस्करी के दौरान गिरफ्तार किया था, जिसे पहले न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया। जबकि उक्त आरोपित को पुलिस ने रिमांड पर लिया था और वह दिहोली से भाग निकला।
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.
Updated on:
8 Nov 2026, 4:02 PM IST
Published on:
8 Nov 2026, 4:02 PM IST
बड़ी खबरें
View Allधौलपुर
राजस्थान न्यूज़




