
चम्बल पुल से चोरी हुई लोहे के जालियां
धौलपुर. मध्यप्रदेश और राजस्थान को जोडऩे में चंबल नदी पर बना सडक़ मार्ग का पुल सेतु के रूप में कार्य करता है। लेकिन इस पुल पर काफी समय से एनएचएआई के लिए अज्ञात चोर समस्या बन गए हैं। यह अज्ञात जने दोपहर में पुल पर साइडों से लगी लोहे की जालियां (पैनल) के नट-बोल्ट खोलते हैं और रात्रि में मौके देखकर नीचे गिरा देते हैं।
इसके बाद नीचे मौजूद लोग इन पैनलों को ठिकाने लगा देते हैं। अब इन अज्ञात जनों की ओर से पहुंचाए जा रहे नुकसान और सुरक्षा खामियां को दूर करने के लिए एनएचएआई अब जल्द ब्रिज पर चिह्नित स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाएगी, जिससे इन संदिग्ध लोगों पर निगाह रखी जा सके। चंबल ब्रिज से राजस्थान सीमा की तरफ से लगातार कई लोहे की जालियां चोरी हो चुकी हैं। गत दिनों सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर अवैध चंबल बजरी निकासी और परिवहन पर रोकथाम के इंतजामों को जांचने पहुंची कमेटी सदस्यों ने भी ब्रिज पर लगी जालियां के नहीं होने पर चिंता जताई थी। जिस पर बाद में नई जालियां लगाई लेकिन चोरी की घटनाएं फिर भी नहीं थमी।
घरों के पानी से सडक़ को पहुंच रहा नुकसान
शहर में सर्विस लेन की सडक़ के लगातार खराब होने से बचाने के लिए अब एनएचएआई क्रांक्रीट लेन पर कार्य कर रही है। सागरपाडा की तरफ जा रही एक सडक़ पर काम भी चल रहा है। इसी तरह अन्य हिस्सों का भी जल्द निर्माण होगा। उधर, पीडी सिंह ने कहा कि सर्विस लेन पर बारिश का नहीं टिकता है जो भी पानी है वह नगर परिषद क्षेत्र के घरों का गंदा पानी है, जो नुकसान पहुंचा रहा है। इन सीवेज और नालियों के पानी को रोकने और सही ऑप्शन तलाशने पर कार्य हो रहा है लेकिन नगर परिषद को भी इसमें सहयोग करना होगा।
दीपावली से पहले से हाइवे के गड्ढों की मरम्मत
उधर, एनएच 44 पर जगह जगह सडक़ की खराब हालत को लेकर एनएचएआई ने धौलपुर जिले से गुजर रहे हाइवे पर मरम्मत कार्य शुरू कर दिया है। पीडी सिंह ने बताया कि दीपावली के त्योहार से पहले सडक़ को दुरुस्त कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि बरैठा से सागरपाडा तक सडक़ को सही किया जा रहा है। गौरतलब रहे कि हाइवे की सडक़ जगह-जगह धंसने से वाहन चालक परेशान हैं। कई दफा तो स्टेयरिंग तक हिल जाती है। जिससे हादसे की आशंका रहती है।
चंबल ब्रिज पर जालियां के पैनलों को कुछ लोग चोरी कर रहे हैं। कुछ अज्ञात जने दिन में इनके नट बोल्ट खोल देते हैं और फिर रात्रि में इन्हें नीचे गिरा कर ले जाते हैं। पेट्रोलिंग पार्टी भी लगातार निगाह रखती है। साथ ही रिपेयर भी करा रहे हैं। अब यहां पर कैमरे लगाएंगे जिससे इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।
- भरत सिंह, परियोजना निदेशक, एनएच 44
- एनएच 44 पर चंबल ब्रिज एनएचएआई के अंतर्गत है। इनकी मरम्मत इत्यादि कार्य का जिम्मा भी उन पर है।
- शिप्रा सिंह, अधिशासी अभियंता पीडब्ल्यूडी धौलपुर
Updated on:
18 Oct 2026 07:38 pm
Published on:
18 Oct 2026 07:38 pm
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