
उत्तराखंड विधान सभा चुनाव का वक्त जैसे-जैसे नजदीक आ रहा है, वैसे-वैसे राजनीतिक घमासान बढ़ता जा रहा है। इस बीच भारतीय जनता पार्टी ने बड़ा फैसला लेते पार्टी के कद्दावर नेता हरक सिंह रावत को पार्टी ने से निकाल दिया। रावत की बीजेपी से छुट्टी के बाद बयानबाजियों का दौर भी शुरू हो गया है। इस बीच मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का बड़ा बयान सामने आया है। धामी ने कहा है कि हरक सिंह रावत पार्टी पर दबाव बना रहे थे, यही वजह है कि पार्टी ने तुरंत प्रभाव से उन्हें बाहर का रास्ता दिखा दिया। बता दें कि बीजेपी से निकाले जाने के बाद सोमवार को हरक सिंह रावत के कांग्रेस में शामिल होने की खबरें हैं। माना जा रहा है कि वे कांग्रेस का हाथ थाम सकते हैं।
सीएम पुष्कर सिंह धामी की कैबिनेट के मंत्री हरक सिंह रावत की बीजेपी से छुट्टी का बड़ा कारण सामने आया है। खुद मुख्यमंत्री धामी ने बताया कि वे पार्टी में बिना वजह लगातार दबाव बनाने का काम कर रहे थे। सीएम धामी ने कहा कि हरक सिंह रावत अपने परिवार के सदस्यों के लिए टिकट की मांग कर रहे थे, लेकिन हमारी पॉलिसी अलग है। चुनाव में एक परिवार से सिर्फ एक ही सदस्य को टिकट दी जा सकती है। अन्य सदस्यों को नहीं।
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बीजेपी में राष्ट्रवाद पर जोर, वंशवाद पर नहीं
धामी ने कहा कि, हमारी पार्टी वंशवाद से दूर चलने वाली पार्टी है। हम राष्ट्रवाद को लेकर चलते हैं। वो अपने परिवार और अन्य लोगों के लिए पार्टी पर दवाब बना रहे थे। इसी बात को लेकर रावत लगातार पार्टी पर दबाव बना रहे थे। ऐसे में पार्टी ने अपनी पॉलिसी के तहत उन्हें बाहर निकाल दिया है।
कांग्रेस का हाथ थाम सकते हैं रावत
राजनीतिक गलियारों में ये चर्चा जोरों पर है कि सोमवार को हरक सिंह रावत कांग्रेस में शामिल हो सकते हैं। हरक सिंह ने अपने एक बयान में कहा भी है कि कांग्रेस की सरकार पूर्ण बहुमत से आ रही है। 'मैं कांग्रेस ज्वाइन करूंगा।'
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पोल खोलने की धमकी
हरक सिंह रावत को बीजेपी 6 साल के लिए पार्टी से बर्खास्त कर चुकी है। इस बीच हरक सिंह रावत ने बीजेपी की पोल खोलने की भी धमकी दी है। रावत ने कहा कि 'मैं मुंह खोलूंगा तो विस्फोट होगा।' उन्होंने कहा कि, उत्तराखंड नेताओं को रोजगार देने के लिए नहीं बनाया गया है। ऐसा लग रहा है कि 14-15 आईएएस मिलकर उत्तराखंड को चला रहे हैं। इस बार उत्तराखंड में बीजेपी हारने वाली है।
Published on:
17 Jan 2022, 11:54 AM IST
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