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मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में भाई—बहन की शादी के बाद जांच के घेरे में अफसर

— फिरोजाबाद के टूंडला ब्लाक में मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में हुई थी शादी।
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फिरोजाबाद

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arun rawat

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Updated: 15 Dec 2021, 11:12 AM IST

Shadi

सामूहिक विवाह में पति—पत्नी के रूप में खड़े भाई—बहन

पत्रिका न्यूज नेटवर्क
फिरोजाबाद। मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना का मजाक बनाने वाले अफसर जांच के घेरे में हैं। योजना के तहत मिलने वाली धनराशि प्राप्त करने और सामान पाने के लिए भाई और बहन की शादी करा दी। हालांकि वहां केवल दिखावा किया गया था। अब अफसरों पर कार्रवाई की तलवार लटक रही है।

यह था पूरा मामला
विगत 11 दिसंबर को खंड विकास कार्यालय टूंडला परिसर में मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह कार्यक्रम का आयोजन किया गया था, जिसमें क्षेत्र के 52 जोड़ों की शादी कराई गई थी। टारगेट पूरा करने के लिए अधिकारियों ने फर्जी तरीके से वर और वधु के जोड़े तैयार कर दिए। तहसील क्षेत्र के गांव मरसेना निवासी अमर सिंह की 18 वर्षीय पुत्री राखी का सामूहिक विवाह संपन्न होने वालों की लिस्ट में नाम है लेकिन हकीकत में उसके फेरे ही नहीं हुए। वह मंडप से भाग आई। उसने बताया कि गलत तरीके से उसका नाम लिखा दिया था। उसे इस तरह शादी नहीं करनी। वहीं, गांव के पप्पू की पुत्री संध्या अभी कक्षा आठ की छात्रा है और आधार कार्ड में उसकी उम्र 13 वर्ष है। उसकी शादी पप्पू पुत्र राधेलाल के साथ करा दी गई। शादी के बाद दहेज के रूप में सरकार द्वारा मिलने वाला सामान बक्शा, बर्तन, कुकर, चांदी की पायल और बिछुआ दिए गए। वहीं, गांव के शंभूदयाल की पुत्री भावना की शादी इसी वर्ष 24 मई को हो चुकी है। बावजूद इसके मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में इसकी दोबारा से शादी करा दी गई और दहेज का सामान भी दे दिया गया।

भाई—बहन की करा दी शादी
वहीं, थाना पचोखरा के गांव नगला प्रेम (गढ़ी) निवासी सोनू टेलर ने गांव के ही सफाई कर्मचारी फिरोज खान के साथ मिलकर पूरे फर्जीवाड़े की पटकथा लिखी थी। गांव बुर्ज नत्थू निवासी रेनू की शादी उसकी बहन के पति प्रशांत के साथ तय करा करते हुए फर्जी कागजात के सहारे सामूहिक विवाह के रजिस्ट्रेशन करा दिया। अपने आप को फंसता देख रेनू के परिजनों ने शादी से इंकार कर दिया। रेनू के पिता ने बताया कि सोनू टेलर ने रुपए दिलाने पर दस हजार रुपये दिलाने की मांग की थी। जानकारी होने पर दामाद ने शादी में जाने से इंकार कर दिया। जिसके बाद सोनू टेलर ने उनके स्थान पर अपने पुत्र महेंद्र की शादी छोटे भाई की पुत्री ज्योति से करा दी। ज्योति ने बताया कि उसे गांव में सफाई करने वाला फिरोज खान बर्तन व रुपये दिलाने का लालच देकर शादी समारोह में लेकर गया था। वह लालच में फंस गई थी। उसने आधे बर्तन व पैसे वापसी की शर्त रखी थी। उसने भाई से कोई शादी नहीं की है। सिर्फ उनके कहने पर नाटक किया है। भाई पहले से शादीशुदा है और दो बच्चों का बाप है। वहीं बेटे व भतीजी की शादी कराने बाला टेलर ताला लगाकर फरार है। वहीं युवती अपने किए पर शर्मिंदा है। इस मामले में खंड विकास अधिकारी नरेश कुमार ने बताया कि जिसकी शादी होने के बाद दूसरी शादी करने का मामला सामने आया है। उसकी हमने जांच कराई है वह पति के साथ नहीं रहती है। हमने उनका सामान वापस करा लिया है। वहीं, नाबालिग की शादी वाले में हमारे पास लड़की का आधार कार्ड चार मार्च 2003 का आया है। उसके घर से दो आधार कार्ड बरामद हुए हैं। उसका भी सामान वापस करा लिया है। भाई—बहन की शादी के मामले में एडीओ समाज कल्याण और पंचायत सचिव से जवाब मांगा गया है। एडीओ द्वारा इस फर्जीवाड़े में शामिल लोगों के विरुद्ध टूंडला थाने में तहरीर दी गई है।