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प्रसपा का सपा में हुआ विलय तो बढ़ जाएगी बीजेपी की परेशानी, जानिए क्या रहेगी वजह

— मैनपुरी में परिवर्तन यात्रा के दौरान प्रसपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष शिवपाल सिंह यादव ने प्रसपा के सपा में विलय के संकेत दिए थे।
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फिरोजाबाद

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arun rawat

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Updated: 2 Nov 2021, 12:16 PM IST

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पत्रिका न्यूज नेटवर्क
फिरोजाबाद। यूपी का फिरोजाबाद जिला जिसे समाजवादियों का गढ़ भी कहा जाता है लेकिन विगत कई सालों से अपनों के बीच पड़ी आपसी फूट की वजह से सपा को यहां हार का सामना करना पड़ रहा है। मैनपुरी परिवर्तन यात्रा लेकर पहुंचे प्रसपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष शिवपाल सिंह यादव के सपा में विलय करने के इशारे किए जाने के बाद फिरोजाबाद की राजनीति में भूचाल मचा हुआ है।
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बीजेपी की बढ़ सकती है परेशानी
प्रगतिशील समाजवादी पार्टी (लोहिया) के राष्ट्रीय अध्यक्ष पूर्व मंत्री शिवपाल सिंह यादव ने कहा कि प्रसपा बड़े दल से गठबंधन करेगी। वह सपा से गठबंधन और विलय के लिए तैयार है, लेकिन हमारे लोगों को सपा में सम्मान मिलना चाहिए उन्हें समायोजित किया जाए। वर्ष 2022 में भाजपा का सत्ता से जाना पूरी तरह तय है। शिवपाल सिंह यादव का यदि सपा से विलय हुआ तो यूपी के फिरोजाबाद में भाजपा की मुश्किलें बढ़ जाएंगी। फिरोजाबाद में सपा का शुरू से ही दबदबा रहा है। यहां की शिकोहाबाद विधानसभा सीट से मुलायम सिंह यादव भी चुनाव लड़ चुके हैं। ऐसे में शिवपाल यादव के सपा से अलग होने के बाद प्रसपा और सपा दोनों को काफी नुकसान हुआ था। इस बीच बीजेपी यहां से हार मार कर ले गई थी।
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शिवपाल को मिली थी हार
यहां तक कि शिवपाल सिंह यादव को भी यहां से करारी हार का सामना करना पड़ा था। उस समय यादव समाज का वोट दो जगह विभाजित हो गया था। पहले यादव समाज का वोट केवल सपा के लिए ही जाता था। अब यदि एक बार फिर सपा और प्रसपा ने हाथ मिलाया तो बीजेपी को काफी नुकसान का सामना करना पड़ सकता है। इसे लेकर प्रसपा यूथ ब्रिगेड के जिलाध्यक्ष प्रशांत उपाध्याय का कहना है कि इस बार बीजेपी को वैसे भी हार का सामा करना पड़ेगा क्योंकि बीजेपी सरकार में आम आदमी महंगाई, बेरोजगारी से तंग आ चुका है। किसानों को उनकी फसल का सही दाम नहीं मिल पा रहा। प्रसपा के सपा में विलय पर उन्होंने कहा कि पार्टी हाईकमान जो निर्णय लेगी वह हित के लिए होगा। वहीं, बीजेपी के जिला महामंत्री दीपक चौधरी ने कहा कि सपा और प्रसपा के विलय या गठबंधन से बीजेपी को कोई फर्क पड़ने वाला नहीं है। भाजपा सरकार ने तमाम योजनाएं गरीब और मध्यम वर्गीय लोगों के लिए शुरू की हैं जिनका लाभ उन्हें मिल रहा है। आगामी विधानसभा चुनाव में पार्टी एक बार फिर जीत का परचम लहराएगी।