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मच्छरों से फैलने वाली Japanese Encephalitis पहुंचा सकती है दिमाग को गंभीर नुकसान, WHO के अनुसार जानें लक्षण

Japanese Encephalitis Cause: मच्छरों से फैलने वाली बीमारी जापानी इंसेफेलाइटिस दिमाग पर हमला करती है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) और सीडीसी (CDC) से जानें इसके शुरुआती लक्षण और इससे बचने का सबसे सही तरीका।
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भारत

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Nidhi Yadav

Jun 26, 2026

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मच्छरों से फैलने वाली बीमारी जापानी इंसेफेलाइटिस दिमाग पर हमला करती है।-(Photo- Freepik)

Japanese Encephalitis Symptoms: आजकल बदलते मौसम और मच्छरों के बढ़ते प्रकोप के बीच कई तरह की बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। इन्हीं में से एक गंभीर बीमारी है, जापानी इंसेफेलाइटिस (Japanese Encephalitis)। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) और सीडीसी (CDC) के मुताबिक, यह बीमारी मच्छरों के काटने से फैलती है और सीधे हमारे दिमाग पर हमला करती है। इसे दिमागी बुखार भी कहते हैं। आइए समझते हैं कि यह बीमारी क्या है, इसके लक्षण क्या हैं और इससे खुद को कैसे बचाया जा सकता है।

जापानी इंसेफेलाइटिस क्या है और कैसे फैलती है?

यह बीमारी जापानी इंसेफेलाइटिस वायरस (JEV) की वजह से होती है। जब कोई क्यूलेक्स (Culex) प्रजाति का मच्छर किसी संक्रमित सूअर या जंगली पक्षी को काटने के बाद किसी इंसान को काट लेता है, तो यह वायरस इंसान के शरीर में पहुंच जाता है। राहत की बात यह है कि यह बीमारी एक इंसान से दूसरे इंसान में सीधे नहीं फैलती, यानी यह कोई छुआछूत की बीमारी नहीं है। यह बीमारी ज्यादातर गांवों, खेती-बाड़ी वाले इलाकों और जहां धान (चावल) के खेत या पानी जमा होने वाली जगहें होती हैं, वहां ज्यादा देखने को मिलती है।

क्या संक्रमित होने वाले हर इंसान को दिमागी बुखार होता है?

इस वायरस से संक्रमित होने वाले लगभग 99% लोगों में या तो कोई लक्षण नहीं दिखते या फिर बहुत हल्के लक्षण दिखते हैं। लेकिन बचे हुए 1% लोगों में, जिनमें खासकर बच्चे शामिल हैं, यह वायरस दिमाग में सूजन (Encephalitis) पैदा कर देता है, जो बेहद खतरनाक स्थिति होती है।

इसके शुरुआती लक्षण क्या हैं?

मच्छर के काटने के 5 से 15 दिनों के भीतर इस बीमारी के लक्षण सामने आने लगते हैं। इन्हें हम दो हिस्सों में समझ सकते हैं;

गंभीर लक्षण (जब वायरस दिमाग तक पहुंच जाता है)

  • गर्दन में अकड़न आ जाना।
  • बेहोशी छाना या कोमा में चले जाना।
  • शरीर के किसी हिस्से में पैरालिसिस (लकवा) मार जाना।
  • झटके (सीजर्स या मिर्गी जैसे दौरे) आना, जो बच्चों में बहुत आम हैं।
  • उलझन होना, याददाश्त कमजोर होना या अजीब हरकतें करना।

इस जानलेवा बीमारी से कैसे बचें?

  • डॉक्टर की सलाह पर वैक्सीन जरूर लगवाएं।
  • मच्छरों को पनपने से रोकें।
  • पूरी आस्तीन के कपड़े पहनें।
  • मच्छर भगाने वाली चीजों का इस्तेमाल करें।

डिस्क्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प है। लेकिन पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।