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Rajasthan News : सड़क हादसों में घायलों की जान बचाएंगे ‘गुड सेमेरिटन’, जानें क्या है ये नई और अनूठी कवायद?

Rajasthan News : सड़क हादसे रोकने के लिए एम्स दिल्ली की सहभागिता से परिवहन विभाग ने कवायद शुरू की है। इसके तहत राज्य के कॉलेजों में बेसिक लाइफ स्पोर्ट सिस्टम सेंटर तैयार किए जा रहे हैं।
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जयपुर

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Omprakash Dhaka

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Updated: 20 Feb 2024, 11:00 AM IST

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Jaipur News : जागरूकता में कमी और लापरवाही के चलते राजस्थान में बीते वर्ष सड़क हादसों में सबसे अधिक युवाओं ने जान गंवाई है। इसी बात को ध्यान में रखते हुए परिवहन विभाग इस वर्ष युवाओं को फोकस में लेकर काम कर रहा है। सड़क हादसे रोकने के लिए एम्स दिल्ली की सहभागिता से परिवहन विभाग ने कवायद शुरू की है। इसके तहत राज्य के कॉलेजों में बेसिक लाइफ स्पोर्ट सिस्टम सेंटर तैयार किए जा रहे हैं। इन केन्द्रों पर परिवहन विभाग और एम्स की ओर से गुड सेमेरिटन (दुर्घटना में घायल की जान बचाने वाले) तैयार किए जा रहे हैं। जयपुर के दो शिक्षण संस्थानों मेें बेसिक लाइफ स्पोर्ट सिस्टम सेंटर की शुरुआत कर दी गई है। परिवहन विभाग ने रोड सेफ्टी के तहत करीब 25 लाख रुपए का फंड भी जारी किया है।


परिवहन विभाग इस प्रोजक्ट मेंं उच्च शिक्षा संस्थानों को शामिल कर रहा है। इन संस्थानों में बेसिक लाइफ स्पोर्ट सिस्टम सेंटर खुलवाए जा रहे हैं। एम्स दिल्ली और परिवहन विभाग की टीम जाकर इन संस्थानों में शिक्षकों को बेसिक लाइफ स्पोर्ट का प्रशिक्षण दे रही है। शिक्षकों को ट्रेनर के रूप में तैयार किया जा रहा है। ये शिक्षक फिर छात्रों को प्रशिक्षण देंगे। विभाग का उद्देश्य है कि ज्यादा से ज्यादा संख्या में गुड सेमेरिटन तैयार किए जाएं।


परिवहन विभाग की ओर से हाल ही 14 जनवरी से 14 फरवरी तक सड़क सुरक्षा माह का आयोजन किया गया। यह माह पूरी तरह से युवाओं पर केंद्रित रहा। इसके तहत परिवहन विभाग की ओर से राज्यभर के कॉलेजों में सड़क सुरक्षा के तहत प्रशिक्षण दिए गए। जयपुर में 20 कॉलेजों के 251 शिक्षकों को प्रशिक्षण दिया गया।


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आयु वर्ग : मृतक : प्रतिशत
18 वर्ष से कम : 485 : 4
18 वर्ष से 25 वर्ष : 2755 : 25
25 से 35 वर्ष : 3523 : 32
35 से 45 वर्ष : 2546 : 23
45 से 60 वर्ष : 1389 : 12
60 वर्ष से अधिक : 302 : 3
अज्ञात : 104 : 1

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अपराध : मृतक : प्रतिशत
तेज गति : 8,988 : 81
नशे में वाहन चलाना : 98 : 1
गलत दिशा में वाहन चलाना : 491 : 4
लाल बत्ती उल्लंघन : 4 : 1 फीसदी कम
मोबाइल फोन का उपयोग : 58 : 1
अन्य : 1,455 : 13


सड़क हादसों पर रोक लगाने के लिए युवाओं को फोकस में लेकर काम किया जा रहा है। कॉलेज छात्रों को गुड सेमेरिटन के रूप में तैयार कर रहे हैं। राज्य में सबसे अधिक युवाओं की ही सड़क हादसों में मौत हुई हैं। युवा जागरूक होंगे तो हादसों में कमी आएगी, घायलों की जान बचाई जा सकेगी।
निधि सिंह, संयुक्त परिवहन आयुक्त (सड़क सुरक्षा)