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Rajasthan News : जानिए क्रिस्टीना और ऋतुराज की अनूठी लव स्टोरी, प्यार ऐसा की हाथ मांगने इटली पहुंचा था राजस्थानी छोरा

Rajasthan News : राजस्थान के दौसा में इन दिनों एक अनूठी शादी की चर्चाएं हैं, जहां दूल्हा तो राजस्थानी था लेकिन दुल्हन इटली से आई थी।
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जैसलमेर

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Suman Saurabh

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Updated: 9 Mar 2024, 5:50 PM IST

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Rajasthan News : राजस्थान के दौसा में इन दिनों एक अनूठी शादी की चर्चाएं हैं, जहां दूल्हा तो राजस्थानी था लेकिन दुल्हन इटली से आई थी। यह शादी हिंदू रीति रिवाज से विगत 6 मार्च को संपन्न हुई। दोनों ने घरवालों के साथ हल्दी की रस्म और मंत्रोच्चार के साथ 7 फेरों की रस्म अदायगी की। इसमें वर और वधू पक्ष के 30-30 परिजन शरीक हुए। इस दौरान सभी ने मिलकर इस अनूठी शादी कार्यक्रम का आनंद उठाया। युवक ऋतुराज जैसलमेर का मेहंदीपुर बालाजी का रहने वाला है जबकि युवती क्रिस्टीना इटली की निवासी है।

क्रिस्टीना की ऋतुराज से पहली मुलाकात 2018 में हुई। दरअसल, ऋतुराज पढ़ाई पूरी करने के बाद काम के सिलसिले में जयपुर आ गए, उन्होंने ई-कॉमर्स रिटेल से रिलेटेड बिजनेस शुरू कर दिया। 2018 में इटली निवासी क्रिस्टीना अपनी पढ़ाई के सिलसिले में जयपुर आई। इस दौरान ऋतुराज और क्रिस्टीना की पहली मुलाकात हुई और ये मुलाकात का सिलसिला कुछ ही समय में दोस्ती में बदल गई। सफर यहीं नहीं रूका दोनों एक दूसरे को दिल दे बैठे और इसका इजहार भी कर दिया।

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ऋतुराज ने बताया कि वह एक काम के सिलसिले से जर्मनी गए। जिसके बाद वह क्रिस्टीना और उनके घरवालों से मिलने के लिए इटली पहुंच गए। दोनों ने साथ अपनी शादी की बात को क्रिस्टीना के परिवार के सामने रखा। कुछ मिनटों की बातचीत के बाद क्रिस्टीना के परिवार ने तो हां कर दिया। लेकिन वहीं जब ऋतुराज ने इस बात की जानकारी यहां जैसलमेर में अपने परिवार को दी तो, उन्होंने इस शादी से असहमति जताई। ऋतुराज बताते हैं कि ग्रामीण परिवेश से होने के कारण मुझे अपने परिवार को समझाने में काफी मुश्किल हुई। हालांकि धीरे-धीरे परिवार के लोग भी मान गए।

क्रिस्टीना ने बताया कि वो अपनी पढ़ाई के दौरान एक प्रोजेक्ट पर काम के सिलसिले में गतवर्ष जैसलमेर आई थी, ऋतुराज भी साथ थे।वह यहां की संस्कृति और परंपरा से क्रिस्टीना काफी प्रभावित हुई और उन्होंने जैसलमेर में ही शादी करने का मन बनाया। इसके बाद तारीख तय हुई और 6 मार्च को वर और वधू पक्ष के परिजन जैसलमेर स्थित बेरा हाउस हिंदी रिति रिवाज से 7 फेरे लिए। इस दौरान भाई और बहन क्रिस्टीना को दुल्हन के रूप में मंडप तक लेकर पहुंचे। क्रिस्टीना के माता-पिता ने कन्यादान की रस्म निभाई। पंडित ने क्रिस्टीना और ऋतुराज को मंत्रोच्चार के साथ 7 फेरों की रस्म अदा करवाई।