
वेतन (photo-patrika)
CG News: छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में इस बार दशहरे का त्योहार डीईओ आफिस के कर्मचारियों के लिए बेहद दर्दभरा रहा। क्योंकि आफिस के तीन दर्जन कर्मचारियों को सितंबर माह का वेतन नहीं मिल पाया। इसकी प्रमुख वजह यह रही कि डीईओ का डिजिटल सिग्नेचर मिस मैच हो गया। इसके कारण वेतन पत्रक नहीं बन पाया। इसके चलते कर्मचारियों को यह त्योहार फांके में गुजर गया।
कर्मचारियों ने इसके लिए बेहद प्रयास किया लेकिन वेतन पत्रक लटक गया। इसके चलते कर्मचारियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। गौरतलब है कि हर शासकीय कर्मचारियों को 30 तारीख तक वेतन मिल जाता है। लेकिन इस बार डीईओ के कर्मचारियों को वेतन के लाले होना पड़ रहा है। क्योंकि डिजिटल सिग्नेचर मिस मैच हो गया।
यानी वेतन पत्रक बनने के बाद ट्रेजरी ने सिग्नेचर को अमान्य कर दिया। जिसका खामियाजा कर्मचारियों को भुगतना पड़ा। डीईओ के दस्तखत से डीईओ आफिस के कर्मचारियों के अलावा आत्मानंद स्कूल सहित अन्य कई संस्थानों के कर्मचारियों का वेतन बन पाता है। लेकिन एक छोटी सी चूक की वजह से कर्मचारियों को आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है।
डीईओ अश्वनी कुमार भारद्वाज का स्थानांतरण सरगुजा संभाग में हो गया। यहां दूसरे डीईओ अशोक सिन्हा आ रहे हैं। अब अशोक सिन्हा के सिग्नेचर से सभी कर्मचारियों का वेतन निकलेगा। जब अशोक सिन्हां ज्वाइन करेंगे उसके बाद वेतन पत्रक बनेगा। तब तक पंद्रह से बीस दिन लग जाएंगे। इस दौरान कर्मचारियों को वेतन के लाले होना पड़ेगा।
Updated on:
03 Oct 2025 04:31 pm
Published on:
03 Oct 2025 04:31 pm
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