यहां बड़ी संख्या में जाते है श्रद्धालु-
जिले में असनावर के निकट बाडिया धाम रातादेवी मंदिर, मिश्रोली में अन्नपूर्णा माता मंदिर,भानपुरा के निकट दूधाखेड़ी माताजी,पिड़ावा के निकट पछावा माता, भंवरा सा माता जी, बाघेर माताजी सहित जिलेभर में नवरात्र पर माता मंदिरों में सजावट होगी, नौ दिनतक भव्य श्रंगार होगा।
देश में बढ़ेगा अन्न धन का भंडार-
यूं तो मां दुर्गा का वाहन सिंह को माना जाता है, लेकिन हर साल नवरात्रि के समय तिथि के अनुसार माता अलग-अलग वाहनों पर सवार होकर धरती पर आती हैं। शारदीय नवरात्रि में इस साल माता का वाहन हाथी होगा। इस विषय में देवी भागवत पुराण में वर्णित है कि सोमवार को नवरात्रि आरंभ होने पर माता हाथी पर चढ़कर आती हैं जिससे खूब अच्छी वर्षा होती है और देश में अन्न धन का भंडार बढ़ता है। ज्योतिषियों के अनुसार मां का वाहन हाथी ज्ञान व समृद्धि का प्रतीक है।