आयुष्मान खुराना ने बताया कि उनके पिता को म्यूजिक, कविताओं, के साथ आर्ट के प्रति लगाव था उन्होंने कानून की पढ़ाई भले ही की थी लेकिन उनका मन हमेशा एस्ट्रॉलजी में लगता था। और उन्ही के द्वारा नाम में इस तरह का परिवर्तन किया गया। उन्होंने मानना था कि हम अपनी किस्मत को खुद तराश सकते हैं। हम अपने कर्मों को अपनी तकदीरों को चमत्कारिक ढंग से बदल सकते हैं।