
पत्रिका न्यूज नेटवर्क
कन्नौज. तीन साल पहले युवती के साथ दुष्कर्म करने के आरोप में विशेष न्यायाधीश एससी-एसटी एक्ट कोर्ट ने आरोपी को सजा सुनाई है। जज सत्यजीत पाठक ने आरोपी को 10 साल की श्रम कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। अर्थदंड अदा न करने पर 6 माह का अतिरिक्त कारावास की सजा काटनी पड़ेगी।
कन्नौज सदर कोतवाली क्षेत्र के शासकीय अधिवक्ता सुधीर कुमार पांडेय ने बताया कि गुरसहायगंज थाना क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली युवती 19 वर्षीय बीते 19 अप्रैल 2018 को घर पर अकेली थी। परिजन खेत में काम करने गए थे, उसी दौरान गढ़िसा बलिदासपुर गांव निवासी छोटे भईया उर्फ मनीराम ने युवती को घर में अकेला पाकर उसके साथ दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया। शोरगुल मचाने पर युवक जान से मारने की धमकी देते हुए भाग निकला। घर पहुंचे परिजनों को युवती ने आपबीती सुनाई। पिता की तहरीर पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया।
कोर्ट ने 10 हजार रुपये का लगाया अर्थदंड
विशेष न्यायाधीष एससी-एसटी एक्ट कोर्ट के जज सत्यजीत पाठक ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनीं। युवक पर आरोप सिद्ध होने पर शुक्रवार को जज ने आरोपी को 10 साल कैद की सजा सुनाई। साथ ही 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। जुर्माना अदा न करने पर 6 माह का अतिरिक्त कारावास की सजा काटनी पड़ेगी।
Updated on:
27 Mar 2021, 8:02 PM IST
Published on:
27 Mar 2021, 7:54 PM IST
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