27 अक्टूबर 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

एक ऐसी सालगिरह, जिस पर 125 मेहमानों ने कर दिया अंगदान

अंगदान की शपथ के साथ कानपुर में शादी की अनूठी सालगिरह का आयोजन किया गया. इस कार्यक्रम में बधाई देने पहुंचे कैबिनेट मंत्री सतीश महाना समेत 125 मेहमानों ने दिल, गुर्दे और अपनी आंखें दान करने का संकल्‍प पत्र भरा.
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

कानपुर

•

image

Alok Pandey

•

Updated: 23 Oct 2018, 10:33 AM IST

Kanpur

एक ऐसी सालगिरह, जिस पर 125 मेहमानों ने कर दिया अंगदान

कानपुर। अंगदान की शपथ के साथ कानपुर में शादी की अनूठी सालगिरह का आयोजन किया गया. इस कार्यक्रम में बधाई देने पहुंचे कैबिनेट मंत्री सतीश महाना समेत 125 मेहमानों ने दिल, गुर्दे और अपनी आंखें दान करने का संकल्‍प पत्र भरा.

ऐसा था समारोह
समाजसेवी और देहदान-अंगदान के लिए मुहिम चला रहे मनोज सेंगर ने पिछले दिनों अपनी शादी की रजत जयंती मनाई. इस समारोह के लिए भेजे निमंत्रण पत्र में उन्‍होंने मेहमानों से अंगदान करने का आग्रह किया था. पिछले दिनों जाजमऊ के जेके कॉलोनी स्‍थित उनके आवास पर समारोह में कैबिनेट मंत्री सतीश महाना, नेत्र सर्जन डॉ. महमूद महमूद रहमानी, लेफ्टिनेंट कर्नल प्रभा अवस्‍थी, जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज की प्राचार्या प्रो. आरती लालचंदानी, पूर्व महापौर कैप्‍टन जगतवीर सिंह द्रोण, गाय, गंगा, गौरी अभियान के संयोजक रामजी त्रिपाठी, कानपुर उद्योग व्‍यापार मंडल के चेयरमैन विजय पांडेय, पंडित शेष नारायण त्रिवेदी आदि शामिल हुए.

ऐसा कहा सतीश महाना ने
इस मौके पर मंत्री सतीश महाना ने ये भी कहा कि मरने के बाद भी अंग किसी जरूरतमंद के काम आए, इससे बड़ा पुण्‍य और क्‍या हो सकता है. इसके लिए समाज के हर वर्ग को आगे आना चाहिए. इस मौके पर रुक्‍मिणी तोमर, विदेह तोमर, सक्षम सेंगर, साक्षी सेंगर आदि मौजूद रहे.

ऐसे बचाएं जीवन
इस खास मौके पर मनोज सेंगर ने कहा कि एक व्‍यक्‍ति के अंगदान से सात व्‍यक्‍तियों का जीवन बचाया जा सकता है. दक्षिणी राज्‍यों में लोग बड़ी संख्‍या में इससे जुड़ रहे हैं. कानपुर में भी अब तक 2750 लोग देहदान की शपथ ले चुके हैं.

बने हार्ट ट्रांसप्‍लांट सेंटर
मनोज सेंगर ने ये भी बताया कि कानपुर एक जागरूक शहर है. यहां इस मुहिम को सफलता मिली है. नेत्रदान व कार्निया प्रत्‍यारोपण में यह शहर देश के अन्‍य शहरों से आगे है. यहां किडनी व हार्ट ट्रांसप्‍लांट की सुविधा नहीं है. दान किए गए अंगों को कुछ ही समय में जरूरतमंदों तक पहुंचाने की सुविधा होनी चाहिए. इसके साथ ही अत्‍याधुनिक अस्‍पताल भी हों, जिससे इस मुहिम का आसानी से लोगों तक लाभ पहुंचाया जा सके.