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ऐसी पत्नी की बहादुरी को सलाम, अपने सुहाग की जिंदगी बचाने निहत्थे भिड़ गई 3 भालुओं से

सोनहत विकासखण्ड के ग्राम पंचायत घुघरा में खेत में काम करने के दौरान 3 भालुओं ने पति पर कर दिया था हमला
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कोरीया

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Ram Prawesh Vishwakarma

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Updated: 26 Aug 2018, 7:49 PM IST

Husband-wife

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सोनहत. कोरिया जिले के सोनहत विकासखंड अंतर्गत ग्राम घुघरा की एक महिला ने बहादुरी की मिसाल पेश की है। शनिवार की दोपहर धान की फसल लगाते समय अचानक जंगल से निकलकर पहुंचे 3 भालुओं ने उसके पति पर हमला कर दिया था। इस दौरान पास खड़ी उसकी पत्नी वहां पहुंची और पति की जान बचाने निहत्थे ही भालुओं से भिड़ गई।

भालुओं से काफी संघर्ष के बाद वह अपने पति की जान बचाने में कामयाब हो गई। भालू वहां से जंगल की ओर भाग गए। घायल पति-पत्नी को निजी नर्सिंग होम में उपचार कराने भर्ती कराया गया है।


कोरिया जिले के सोनहत ब्लॉक स्थित घुघरा निवासी रामभजन राजवाड़े 32 वर्ष और उसकी पत्नी श्याम बाई शनिवार की दोपहर अपने खेत में काम कर रहे थे। इस दौरान जंगल से तीन भालू वहां आ धमके और ग्रामीण पर हमला कर दिया। वहीं कुछ दूरी पर काम कर रही उसकी पत्नी को चिल्लाने की आवाज सुनाई दी तो वह दौड़कर पति के पास पहुंची।

इसके बाद उसने पति की जान बचाने तीनों भालुओं के साथ भिड़ गई। पति-पत्नी काफी देर तक भालुओं से संघर्ष करते रहे। इसी बीच भालू वहां से भाग निकले। इधर हमले में पति-पत्नी घायल हो गए।

अन्य ग्रामीणों द्वारा उन्हें स्थानीय अस्पताल ले जाया गया, जहां से उन्हें रेफर कर दिया गया। इसके बाद दोनों को बैकुंठपुर के निजी नर्सिंग होम में भर्ती कराया गया। डॉक्टरों के अनुसार दोनों की हालत खतरे से बाहर है।

इधर घर में घुसे मादा भालू व दो शावक
सोनहत विकासखंड के ग्राम कुशहा निवासी आगर साय के घर रविवार सुबह करीब ६ बजे एक मादा भालू अपने दो शावक के साथ घुस गई। इससे गांव में हड़कंप मचा गया। ग्रामीणों को इसकी जानकारी दी गई। कुछ ग्रामीणों ने पटाखे फोड़कर भालू को भगाने का प्रयास किया। इस दौरान मादा भालू अपने शावकों को छोड़कर जंगल में भाग निकली।

घटना की जानकारी देवगढ़ रेंजर को दी गई। इस पर आनन फानन में देवगढ़ रेंजर प्रभुनाथ राम ने टीम तैयार कर मौके पर भेजी और घर से शावक को पकड़कर जंगल में छोड़ा गया। रेंजर राम ने बताया कि मादा भालू के बच्चो को सुरक्षित जंगल में छोड़ दिया गया है। ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। वन विभाग भी नजर बनाए रखा है।

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