सरकारी जमीन पर कूलर बनाने वालों के साथ कई दूकानें अवैध रूप से संचालित हो रही थी। जिस पर असामाजिक तत्वों का जमावड़ा बना रहता था। ये अतिक्रमण यहां यातायात में भी बाधा बने हुए थे। अतिक्रमण हटाने के दौरान एडिशनल एसपी अनंत कुमार, डीएसपी राजेश मेश्राम, 10 थानों के थानाधिकारी, यूआईटी की विशेषाधिकारी, तहसीलदार इमामुद्दीन सहित सैकड़ों पुलिस के जवान मौजूद रहे। आवंटित दुकानें भी हटवाई अतिक्रमण हटाने के दौरान दुकानों को यूआईटी ने आवंटित कर रखा था, जिसके कागज लेकर दुकानदार वहां आ गए। उनके पास नक्शा, यूआईटी के दस्तावेज, बोली की रसीदें सहित कई दस्तावेज थे।