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कोटा कोचिंग स्टूडेंट भुगत रहें इनकी सजा

कोचिंग, हॉस्टल संचालकों एवं स्वयंसेवी संस्थाओं की बैठक।
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कोटा

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abhishek jain

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Updated: 17 Jan 2018, 1:38 PM IST

बैठक

कोटा.

कोटा में कोचिंग स्टूडेंट को मिल रही सुविधाओं में विस्तार करने व दुखद घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए राज्य समुचित प्राधिकारी पीसीपीएनडीटी एवं एनएचएम मिशन निदेशक नवीन जैन ने कलक्ट्रेट के टैगोर हॉल में कोचिंग, हॉस्टल संचालकों व स्वयंसेवी संस्थाओं के पदाधिकारियों की बैठक लेकर व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए। बैठक में उन्होंने कहा कि कोचिंग व हॉस्टल संचालकों के बीच तालमेल की कमी का दुष्परिणाम स्टूडेंट को भुगतना पड़ रहा है।

दोनों के बीच रिलेशन अच्छे होने चाहिए। दोनों पक्षों के तालमेल से ही स्टूडेंट की वास्तविक स्थिति का पता चल सकता है। जैन ने कहा कि क्लास में बच्चे अधिक होने से फेकल्टी व स्टूडेंट के बीच पर्सनल रिलेशन नहीं हैं। उन्होंने हॉस्टल संचालक व कोचिंग प्रतिनिधियों को कहा कि प्रत्येक जीवन बहुमूल्य है। इसे बचाना ही होगा।

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मोटिवेशन लेक्चर हो
जैन ने कहा कि कोचिंग में मोटिवेशन लेक्चर होने चाहिए। जहां सफल लोगों के बारे में बताया जाता है वहीं ऐसे लोगों के बारे में भी स्टूडेंट को बताएं की ये व्यक्ति असफल हो गया था, लेकिन आज मुकाम पर है। कई लोगों ने अपनी लाइन ही बदल कर सफलता हासिल की हो तो उसके बारे में भी बताएं। हर कोचिंग संस्थान में काउंस्लर होने चाहिए।

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संयुक्त टीम बनाकर हो बच्चे का टेस्ट
बैठक में आए सुझावों के आधार पर नवीन जैन ने कहा कि सभी कोचिंग मिलकर एक टीम बनाएं और कुछ प्रश्न चिन्हित कर बच्चों का टेस्ट लें, ताकी उसकी हॉबी, आर्थिक, पारीवारिक, मानसिक स्थित का पता चल सके। इस टेस्ट के बाद ये आंकलन किया जाए की बच्चा गलत दिशा में नहीं जाएगा। जिला कलक्टर रोहित गुप्ता ने कहा कि सभी सांझा रूप से प्रयास कर व्यवस्थाओं को सुधारने का प्रयास करें। इस दौरान प्रजेंटेशन और वीडियो के माध्यम से पीसीपीएनडीटी एक्ट, डिकॉय ऑपरेशन, मुखबिर योजना, राजश्री योजना समेत बेटी बचाओ मुहीम की दिशा में किए जा रहे कारगर सरकारी प्रयासों और नवाचारों के बारे में बताया गया।

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बैठक में मेडिकल कॉलेज के वाइस प्रिंसीपल द्वितीय डॉ. विजय सरदाना, नए अस्पताल के अधीक्षक डॉ. देवेन्द्र विजयवर्गीय, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आरके लवानिया, चम्बल हॉस्टल के अध्यक्ष विश्वनाथ शर्मा, राकेश जैन, कोचिंग प्रतिनिधि, समाजसेवी संस्थाओं के प्रतिनिधि उपस्थित थे।