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बांग्लादेश से नाबालिग को भारत लाकर करवाया देह व्यापार, एक रात के वसूलते थे 5 हजार रूपये

कोटा. बांग्लादेशी किशोरी को मानव तस्करी कर भारत लाने व देह व्यापार कराने के मामले में पुलिस ने मंगलवार रात दलाल समेत दो आरोपितों को गिरफ्तार किया।
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कोटा

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abhishek jain

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Updated: 11 Oct 2017, 8:12 PM IST

Kota Police Arrested 2

कोटा . बांग्लादेशी किशोरी को मानव तस्करी कर भारत लाने व देह व्यापार कराने के मामले में कैथूनीपोल पुलिस ने मंगलवार रात दलाल समेत दो आरोपितों को गिरफ्तार किया। उन्हें बुधवार को अदालत में पेश किया, जहां से तीन दिन के रिमांड पर सौंपा है।

सिटी एसपी अंशुमान भौमिया ने बताया कि करीब एक साल पहले 15 वर्षीय बांग्लादेशी किशोरी कोटा बैराज के पास निराश्रित मिली थी। उसे बाल कल्याण समिति के आदेश से नांता स्थित बालिका गृह भिजवाया था। फिलहाल किशोरी यहीं रह रही है।

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उसने काउंसलिंग में बताया कि उसे भारत में देह व्यापार के लिए लाया गया। इसके बाद आरोपितों की तलाश के लिए एएसपी अनंत कुमार व उप अधीक्षक राजेश मेश्राम के निर्देशन व कैथूनीपोल सीआई प्रमोद शर्मा के नेतृत्व में टीम बनाई। टीम ने दलाल बसंत विहार निवासी कैलाश सोनी उर्फ राजेश (42) व ग्राहक कुन्हाड़ी हाल केशवपुरा निवासी अर्जुनसिंह पंवार उर्फ सोनू (21) को मंगलवार रात गिरफ्तार किया। उनसे पूछताछ चल रही है।

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1 रात के लिए 5 हजार में बेचा
सीआई शर्मा ने बताया कि आरोपितों से पूछताछ में पता चला कि किशोरी को मुम्बई, सूरत व बड़ौदा के दलालों को बेचकर देह व्यापार कराया गया। सूरत के दलाल ने कोटा के दलाल कैलाश सोनी को देह व्यापार के लिए किशोरी को बेच दिया। कैलाश ने अर्जुन सिंह को 5 हजार रुपए में एक रात के लिए बेचा था। किशोरी उसके चंगुल से भागकर कैथूनीपोल क्षेत्र में आ गई, जहां बैराज पर वह निराश्रित मिली थी।

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ऐसे पकड़े गए आरोपित

सीआई ने बताया कि किशोरी से काउंसलिंग के बाद जब पूरे मामले का पता चला तो 13 सितम्बर को मामला दर्ज किया गया। इसके बाद किशोरी के मोबाइल से उस पर हुए सम्पर्कों का पता किया तो कुछ नम्बर बंद मिले और कुछ के पते गलत निकले। किशोरी को संभावित स्थानों पर ले जाया गया। इस पर किशोरी ने आरोपित कैलाश सोनी को पहचान लिया। उसे लाकर पूछताछ की तो उसने वारदात करना कबूल लिया। इसके बाद अर्जुन को गिरफ्तार किया।