
अंकितराज सिंह चंद्रावत
Illegal Liquor Business: कोटा शहर में अवैध शराब की बिक्री को लेकर शराब माफिया में वर्चस्व की लड़ाई चल रही है। नौबत मारपीट से बढ़कर हत्या तक आ चुकी है, लेकिन आबकारी विभाग व पुलिस आंखमूंद कर बैठे हैं। शहर में अवैध शराब कारोबार को सामने लाने के लिए पत्रिका टीम ने कुन्हाड़ी व नांता क्षेत्र में पड़ताल की। जांच में पता चला कि शराब माफिया खुले में शराब की कालाबाजारी कर रहे हैं। कहीं मकान के बाहर तो कहीं पर मैन रोड पर ही शराब बेची और पिलाई जा रही है।
जिला आबकारी अधिकारी भंवर लाल से बातचीत करने की कोशिश की, तो उन्होंने अवैध ब्रांच का नाम सुनते ही कॉल काट दिया। आधिकारिक बात करने के लिए वाट्सएप पर मैसेज किया, लेकिन इन्होंने कोई जवाब नहीं दिया।
यहां पर राजेन्द्र सिंह के नाम से अवैध ब्रांच संचालित की जा रही है। जहां से दिनभर लोग शराब खरीदते हैं। यहां पर ग्राहकों को बिठाकर पिलाने की व्यवस्था भी की हुई है। दिनभर घर के बाहर कमरे में लोग शराब खरीदने के लिए आते रहते हैं।
यहां राजू सुवालका के नाम से दुकान संचालित मिली। उसने घर के बाहर ही देशी शराब की पेटियों को रखा था।कोई ग्राहक आता तो पहले मना कर देता है। जब रोज का ग्राहक होने की बात बोली तो घर के अंदर से शराब निकालकर देने लग गया।
नांता रेलवे ब्रिज से लैंडमार्क सिटी की तरफ जाने वाली सड़क के किनारे एक थडी में मुकुट के नाम से संचालित है। जहां किराने के सामान लेकर बैठे बुजुर्ग ने ग्राहक को अंदर से शराब बोतल निकाल कर दी। वह शराब बिठाकर पिलाने के लिए भी तैयार हो गया।
नांता बायीं मुख्य नहर के बाद उदयपुर जाने वाली सड़क के किनारे मोनू नाम से एक थड़ी पर एक युवक खुले में अवैध शराब बेचता मिला। पव्वे के भाव ठेके के बराबर होने की बात पूछी तो उसने सब माल ठेके का होता है। आप तो बताओ कितने ओर देने हैं।
Updated on:
25 Oct 2024 04:57 pm
Published on:
25 Oct 2024 04:56 pm
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