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राजस्थान अध्यापक पात्रता परीक्षा-2024 (रीट) 27 व 28 फरवरी को जिले में आयोजित की जाएगी। इस परीक्षा में पेपर लीक और डमी अभ्यर्थियों को रोकने की कड़ी चुनौती रहेगी। जिला प्रशासन एवं शिक्षा विभाग ने सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं।
परीक्षा केन्द्रों पर बायोमैट्रिक्स, फेस रिकोग्निशन और सीसीटीवी कैमरों से सख्त निगरानी रखी जाएगी। सीडीईओ केके शर्मा ने बताया कि कोटा में दो दिन तक रीट परीक्षा के चलते सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। डमी अभ्यर्थियों और अनुचित साधनों के प्रयोग को रोकने के लिए प्रशासन पूरी तरह अलर्ट रहेगा।
परीक्षा का शेड्यूल
27 फरवरी
पहली पारी : सुबह 10:00 से 12:30 बजे (लेवल-1, कक्षा 1 से 5)-44 केंद्रों पर 13,605 अभ्यर्थी।
दूसरी पारी : दोपहर 3:00 से 5:30 बजे (लेवल-2, कक्षा 6 से 8)-67 केंद्रों पर 21,044 अभ्यर्थी।
28 फरवरी
तीसरी पारी : सुबह 10:00 से 12:30 बजे (लेवल-2, कक्षा 6 से 8)-60 केंद्रों पर 19,131 अभ्यर्थी।
यात्रा और रहने की व्यवस्था
परीक्षा देने के लिए कई अभ्यर्थी बुधवार शाम को ही कोटा पहुंच गए। वहीं, जिनका परीक्षा केंद्र अन्य शहरों में था, वे रोडवेज बसों से रवाना हुए। राज्य सरकार ने अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए रोडवेज बसों में दो दिन तक मुफ्त यात्रा की व्यवस्था की है। इस कारण बसों में भारी भीड़ देखी गई, कई जगहों पर धक्का-मुक्की की नौबत आ गई।
सुरक्षा और कड़ी निगरानी
- परीक्षा प्रारंभ होने से एक घंटे पहले तक ही प्रवेश मिलेगा।
- परीक्षा के संचालन के लिए एरिया और जोनल अधिकारी, केन्द्र पर्यवेक्षक, पेपर कॉर्डिनेटर और फ्लाइंग कम ओएमआर कॉर्डिनेटर निगरानी करेंगे।
- अनुचित साधनों के उपयोग को रोकने के लिए व्यक्तिगत तलाशी ली जाएगी।
- परीक्षा के दौरान किसी भी तरह की गड़बड़ी पर राजस्थान सार्वजनिक परीक्षा अधिनियम-2022 के तहत सख्त कार्रवाई होगी।
- गैर कानूनी सामग्री परीक्षा के दौरान परीक्षार्थी के पास पाए जाने पर मामला अनुचित साधन का मानते हुए राजस्थान सार्वजनिक परीक्षा अधिनियम-2022 के तहत कार्रवाई की जाएगी।
परीक्षा केंद्रों पर कड़े प्रतिबंध
- मोबाइल, ब्लूटूथ, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, घड़ी, चेन, अंगूठी, कान के टॉप्स, पर्स, डायरी आदि पूरी तरह प्रतिबंधित रहेंगे।
- सिख धर्म के अभ्यर्थियों को छोटी कर्वड कृपाण, कड़ा और पगड़ी पहनने की अनुमति होगी।
- परीक्षार्थी केवल प्रवेश पत्र, नीला या काला बॉलपेन, आधार कार्ड (स्वप्रमाणित छायाप्रति) ही साथ ले जा सकेंगे।
समाज संगठन भी मदद को आगे आए
शहर के विभिन्न समाज संगठनों ने बाहर से आने वाले अभ्यर्थियों के लिए हॉस्टल, घर और होटलों में रहने व खाने की निःशुल्क व्यवस्था की है, जिससे अभ्यर्थियों को किसी तरह की असुविधा न हो।
Updated on:
26 Feb 2025 09:14 pm
Published on:
26 Feb 2025 09:14 pm
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