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कोटा केंद्रीय कारागार-महिला आयोग टीम ने की जांच, 11 को सौंपेगी रिपोर्ट

जेल प्रशासन ने नहीं दिया सेनेटरी पेड्स का रिकॉर्ड
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कोटा

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Deepak Sharma

•

Updated: 7 Jul 2018, 7:53 PM IST

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कोटा. जेल में निरुद्ध महिला कैदियों के लिए सेनेटरी नेपकीन की उपलब्धता जांचने के लिए महिला आयोग द्वारा गठित दो सदस्यीय जांच टीम शुक्रवार को कोटा केंद्रीय कारागार पहुंची। जांच के दौरान जेल प्रशासन ने महिला कैदियों को पर्याप्त सैनेटरी नेपकिन उपलब्ध कराने का दावा किया, लेकिन इस बाबत रिकॉर्ड नहीं सौंपे। जांच टीम 11 जुलाई को अपनी रिपोर्ट आयोग को सौंपेगी।

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'राजस्थान पत्रिका' ने 04 जुलाई के अंक में 'लहू का लगान... जलालत भरे हैं ये दाग' शीर्षक से खबर प्रकाशित कर कोटा संभाग की जेलों में महिला बंदियों की बदहाली का खुलासा किया था। महिला आयोग अध्यक्ष सुमन शर्मा ने जांच के लिए आयोग सदस्य डॉ. अरुणा मीणा और पुलिस जवाबदेही कमेटी की सदस्य प्राची दीक्षित की दो सदस्यीय जांच कमेटी गठित की थी।

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जांच टीम 5 जुलाई को भी केंद्रीय कारागार के हालात का जायजा लेने गई थी, लेकिन जेल अधीक्षक ने लिखित आदेश के बिना किसी भी महिला बंदी से मुलाकात कराने से इनकार कर दिया था। महिला आयोग ने उसी दिन कोटा संभाग की चारों जेलों के अधीक्षकों को लिखित आदेश भेजे। इसके बाद शनिवार को टीम जेल के निरीक्षण को पहुंची।

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नहीं सौंपा रिकॉर्ड
जांच के दौरान जेल प्रशासन ने दावा किया कि महिला कैदियों के लिए पर्याप्त मात्रा में सेनटरी नेपकिन उपलब्ध हैं और उन्हें शौचालय में ही रखवा दिया जाता है, लेकिन जब जांच टीम ने सेनेटरी नेपकिन की खरीद या आवक और वितरण से जुड़े रिकॉर्ड मांगे तो अधिकारियों ने एक दो दिन में रिकॉर्ड उपलब्ध करवाने की बात कह कर टाल दिया।

आईएमए और रोटरी पद्मिनी लगाएंगी वेंडिंग मशीन
इधर, समाज सेवी संस्थाएं महिला कैदियों के लिए नि:शुल्क सेनेटरी पेड्स उपलब्ध कराने के लिए आगे आई हैं। आईएमए अध्यक्ष डॉ. एसएन सोनी ने बताया कि कोटा केंद्रीय कारागार में संस्था की ओर से सालभर नि:शुल्क सेनेटरी नेपकिन उपलब्ध कराए जाएंगे। सेनेटरी पेड्स के समुचित रख-रखाव के लिए वेंडिंग मशीन लगाने का भी प्रस्ताव उन्होंने जेल और जिला प्रशासन के समक्ष रखा है। रोटरी पद्मिनी की अध्यक्ष वंदना कालानी ने भी महिला कैदियों को साल भर नि:शुल्क सेनेटरी नेपकिन उपलब्ध करवाने के लिए वेंडिंग मशीन लगवाने को जेल और जिला प्रशासन को पत्र भेजा है। कोटा ही नहीं, संभाग की बाकी जेलों में भी सेनेटरी नेपकिन नि:शुल्क प्रदान करने के लिए वेंडिंग मशीन लगवाने को सामाजिक संस्थाओं ने अपने प्रस्ताव भेजे हैं।

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सभी महिला कैदियों से अलग-अलग बात कर उनकी स्थिति जानी है। जो खामियां मिली हैं उनकी पूरी रिपोर्ट तैयार कर 11 जुलाई को आयोग को सौंप देंगी।
-प्राची दीक्षित, सदस्य जांच टीम