
Neeb Karori Baba (file photo) image credit Instagram /uttarpradeshtourism
Neeb Karori Baba Birth Place: हनुमान अंश फिल्म आने के बाद से नीब करोरी बाबा इन दिनों चर्चा में हैं। महाराज जी का नाम सुनते ही ज्यादातर लोगों के मन में उत्तराखंड के कैंची धाम का ख्याल आता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि नीब करोरी बाबा की जीवन यात्रा का एक महत्वपूर्ण हिस्सा उत्तर प्रदेश से भी जुड़ा रहा है। उनकी जन्मस्थली से लेकर तपस्थल और महासमाधि स्थल तक, उत्तर प्रदेश में कई ऐसी जगहें हैं जो महाराज जी की आध्यात्मिक विरासत से जुड़ी हैं। आइए जानते हैं महाराज जी से जुड़ी उन प्रमुख जगहों के बारे में, जो उत्तर प्रदेश में स्थित हैं।
उत्तर प्रदेश टूरिज्म के इंस्टाग्राम चैनल पर शेयर की गई जानकारी के अनुसार, नीब करोरी बाबा की आध्यात्मिक यात्रा उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद जिले के अकबरपुर से शुरू हुई मानी जाती है। यही वह स्थान है, जिसे महाराज जी की जन्मस्थली के रूप में जाना जाता है। उत्तर प्रदेश पर्यटन विभाग के अनुसार, बाबा का जन्म करीब 1900 में हुआ था।
फर्रुखाबाद का नीब करोरी धाम महाराज जी से जुड़े प्रमुख आध्यात्मिक स्थलों में शामिल है। यह स्थान बाबा नीब करोरी का तपस्थल माना जाता है। यहां मौजूद पवित्र गुफा को उनकी साधना और ध्यान से जोड़कर देखा जाता है। यह स्थान उन श्रद्धालुओं के लिए खास महत्व रखता है, जो महाराज जी की आध्यात्मिक यात्रा और साधना से जुड़े स्थलों को करीब से देखना चाहते हैं।
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में गोमती नदी के किनारे स्थित हनुमान सेतु मंदिर भी नीब करौरी बाबा से जुड़े प्रमुख स्थानों में बताया जाता है। मान्यता के अनुसार, इस जगह बाबा ने एक छोटा हनुमान मंदिर स्थापित करवाया था। भगवान हनुमान की भक्ति के लिए प्रसिद्ध महाराज जी की आध्यात्मिक विरासत से इस मंदिर का जुड़ाव इसे खास बनाता है।
नीब करोरी बाबा की यात्रा का एक महत्वपूर्ण पड़ाव वृंदावन भी है। यहां स्थित आश्रम में उनका महासमाधि मंदिर है। उत्तर प्रदेश टूरिज्म के अनुसार, 1973 में बाबा ने देह त्यागी थी। आज यह स्थान महाराज जी के अनुयायियों और श्रद्धालुओं के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है और उनकी आध्यात्मिक विरासत की स्मृति को संजोए हुए है।
Updated on:
12 Sept 2026 01:00 pm
Published on:
12 Sept 2026 12:28 pm
