
Akhilesh yadav
लखनऊ. समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने रविवार से एक महिला चिकित्सा के विवादित वायरल हो रहे वीडियो को लेकर बयान दिया है। अखिलेश यादव ने महिला चिकित्सा पर समाज में नफरत का बीज बोने का आरोप लगाया है। वीडियो में कानपुर की डॉ. आरती लालचंदानी तबलीगी जमात से जुड़े कोरोना पॉजिटिव मरीजों को लेकर बयान देती नजर आ रही हैं। वह कह रही थी जिन्हें जेल में भेजना चाहिए उन्हें अस्पताल में भेजा जा रहा है। जिन्हें जंगल में छोड़ना चाहिए वह यहां हैं। इससे अस्पताल, मैनपावर सभी का नुकसान हो रहा है।
बचाव में आरती ने कहा यह-
आरती का यह बयान औपचारिक नहीं है, लेकिन जब उन्होंने बयान दिया तो किसी ने छिपकर उनकी रिकॉर्डिंग कर ली। वीडियो के वायरल होने के बाद आरती अपने बचाव में कहती हैं कि यह करीब 70 दिन पुराना वीडियो है जो कि ब्लैकमैलिंग के तौर पर बनाया गया और फिर काम न बनने पर वायरल कर दिया गया।
अखिलेश यादव ने कहा यह-
पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने अपने आधिकारिक ट्विटर अकाउंट पर कहा कि चिकित्सा के क्षेत्र में काम करनेवालों से अपने मरीज़ों के प्रति सहानुभूति की अपेक्षा की जाती है। एक बहुचर्चित वीडियो में उप्र के एक चिकित्साधिकारी की निंदनीय बातें दिखा रही हैं कि ऐसे लोग कैसे सरकार को खुश करने के लिए समाज में नफ़रत का बीज बो रहे हैं। कोई कार्रवाई होगी क्या?
Published on:
2 Jun 2020, 5:20 PM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.