
दिव्या मित्तल (फाइल फोटो)
Divya Mittal IAS Resignation: मीरजापुर की पूर्व जिलाधिकारी रहीं IAS दिव्या मित्तल के इस्तीफे की खबर हर तरफ चर्चा का विषय बनी हुई है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि उन्होंने प्रशासनिक सेवा से अपना इस्तीफा सौंपने के लिए जो दिन चुना वह अपने आप में बेहद खास है। दिव्या मित्तल ने 30 अगस्त को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म (X) पर अपने इस्तीफे का ऐलान किया। इस दिन विंध्य क्षेत्र की अधिष्ठात्री देवी मां विंध्यवासिनी की जयंती भी थी। दिव्या मित्तल की सिद्धपीठ मां विंध्यवासिनी में गहरी और अटूट आस्था रही है। माना जा रहा है कि इसी असीम आस्था के चलते उन्होंने अपने जीवन के इतने बड़े फैसले के लिए इस खास दिन को चुना।
हिंदू पंचांग के अनुसार, भाद्र कृष्ण पक्ष की द्वितीया तिथि के दिन मां विंध्यवासिनी का अवतरण और प्राकट्योत्सव मनाया जाता है। कयास लगाए जा रहे हैं कि इसलिए IAS दिव्या मित्तल ने अपनी नई पारी की शुरुआत और इस्तीफे की घोषणा के लिए इसी दिन को चुना। दिव्या मित्तल ने सोशल मीडिया पर अपनी जो भावुक विदाई पोस्ट लिखी है उसमें भी उन्होंने विशेष रूप से मीरजापुर और मां विंध्यवासिनी का जिक्र किया है। उन्होंने अपनी पोस्ट में लिखा कि मां विंध्यवासिनी के चरणों में बैठकर मैंने सीखा, 'शक्ति किसी पद या रुतबे से नहीं बल्कि, मां की कृपा और जनता के विश्वास से आती है।'
जानकारी के मुताबिक बीते नौ जुलाई को जब दिव्या मित्तल विशेष सचिव राजस्व के रूप में मीरजापुर जिले के भ्रमण पर आई थीं तब भी उन्होंने मां विंध्यवासिनी के दरबार में हाजिरी लगाई थी। उन्होंने पूरे विधि विधान से दर्शन और पूजन किया था। ऐसा माना जा रहा है कि उसी दौरान उन्होंने अपने मन में इस बड़े निर्णय को लेकर मां विंध्यवासिनी से आशीर्वाद भी मांगा था। उनके इस खास दिन पर लिए गए फैसले के बाद अब मीरजापुर से समाजसेवा या राजनीति में उनकी नई पारी शुरू होने की जोरदार चर्चाएं चल रही हैं।
बता दें कि इस्तीफा देने के बाद दिव्या मित्तल ने अपने X अकाउंट पर अपनी भावनाएं व्यक्त करते हुए लिखा था कि 13 साल की अविस्मरणीय यात्रा को अपनी इच्छा से विराम देते हुए मैंने IAS के पद से त्यागपत्र दे दिया है। उन्होंने बताया कि IIT दिल्ली और IIM बैंगलोर से पढ़ाई करने के बाद उन्हें लंदन में नौकरी मिली थी लेकिन सब कुछ पा लेने के बाद भी उन्हें कुछ अधूरा सा लगता था इसलिए देश सेवा के लिए उन्होंने सिविल सेवा चुनी। दिव्या मित्तल ने अपनी पोस्ट के अंत में बताया कि अब उन्होंने 13 वर्षों की IAS सेवा को अपनी इच्छा से विराम देने का निर्णय लिया है।
Updated on:
31 Aug 2026 04:12 pm
Published on:
31 Aug 2026 04:12 pm
