
कृष्ण भक्ति के रंग में सजा चौक सर्राफा बाजार, लड्डू गोपाल के चांदी के मुकुट, बांसुरी और कंठी की विशेष रेंज (फोटो सोर्स : सर्राफा संगठन WhatsApp News Group)
Gold-Silver Rates Rise: जन्माष्टमी के पर्व को लेकर राजधानी के प्रमुख सराफा बाजारों में रौनक बढ़ गई है। भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप लड्डू गोपाल के स्वागत और उनके विशेष श्रृंगार की तैयारियों के बीच चौक और अमीनाबाद के सर्राफा बाजार में चांदी के आभूषणों और पूजा सामग्री की मांग बढ़ी है। दुकानों पर लड्डू गोपाल की आकर्षक प्रतिमाओं से लेकर उनके श्रृंगार के लिए चांदी के मुकुट, बांसुरी, कंठी, हार, ब्रेसलेट और बालियों की विशेष रेंज सजाई गई है। जन्माष्टमी को लेकर बाजार में खरीदारी का माहौल देखते ही बन रहा है। श्रद्धालु अपनी पसंद और बजट के अनुसार लड्डू गोपाल का श्रृंगार कराने के लिए अलग-अलग डिजाइन और वजन के आभूषण पसंद कर रहे हैं।
जन्माष्टमी के पर्व पर घरों और मंदिरों में लड्डू गोपाल का विशेष श्रृंगार करने की परंपरा है। इसी को ध्यान में रखते हुए चौक सराफा बाजार में इस बार छोटे आकार की हल्की और खूबसूरत प्रतिमाओं के साथ श्रृंगार सामग्री की बड़ी रेंज तैयार की गई है। दुकानदारों के अनुसार पिछले कुछ दिनों से भगवान श्रीकृष्ण से जुड़े चांदी के उत्पादों को लेकर ग्राहकों की पूछताछ बढ़ी है। खासकर लड्डू गोपाल के लिए चांदी के मुकुट, बांसुरी और कंठी ग्राहकों को आकर्षित कर रहे हैं।
चौक सर्राफा एसोसिएशन के महामंत्री विनोद महेश्वरी ने बताया कि इस बार बाजार में लड्डू गोपाल की कई नई और आकर्षक प्रतिमाएं आई हैं। इन प्रतिमाओं की खासियत उनका हल्का वजन और आकर्षक डिजाइन है। अलग-अलग आकार में उपलब्ध प्रतिमाओं को इस तरह तैयार किया गया है कि श्रद्धालु इन्हें आसानी से अपने घर के मंदिर में स्थापित कर सकें। प्रतिमाओं में बाल स्वरूप श्रीकृष्ण की विभिन्न मुद्राओं और आकर्षक रूपों को विशेष तौर पर ध्यान में रखा गया है।
सर्राफा बाजार में लड्डू गोपाल के लिए संपूर्ण श्रृंगार सामग्री उपलब्ध कराई जा रही है। चांदी के मुकुट, ब्रेसलेट, बांसुरी, कंठी, गले के हार, बालियां और अन्य श्रृंगार सामग्री अलग-अलग डिजाइन और वजन में मौजूद हैं। खास बात यह है कि चांदी की बांसुरी भी छोटी से लेकर बड़ी साइज और विभिन्न डिजाइनों में तैयार की गई हैं। श्रद्धालु अपनी पसंद के साथ-साथ बजट को ध्यान में रखते हुए इनका चयन कर सकते हैं।
बाजार में पारंपरिक डिजाइन के साथ आधुनिक कारीगरी वाले आभूषण भी ग्राहकों को आकर्षित कर रहे हैं। दुकानदारों का कहना है कि लड्डू गोपाल के श्रृंगार में चांदी के आभूषणों का चलन लगातार बना हुआ है। जन्माष्टमी के मौके पर कई परिवार हर वर्ष अपने आराध्य के लिए नया श्रृंगार खरीदते हैं। ऐसे ग्राहकों के लिए इस बार नए डिजाइन विशेष रूप से तैयार किए गए हैं।
जन्माष्टमी के मौके पर सर्राफा बाजार में जहां भगवान श्रीकृष्ण से जुड़े चांदी के श्रृंगार और पूजा सामग्री की मांग बढ़ी है, वहीं सोने-चांदी के ताजा भाव भी ग्राहकों के बीच चर्चा का विषय बने हुए हैं। चौक और अमीनाबाद सराफा एसोसिएशन की ओर से रिटेल ग्राहकों के लिए 10 ग्राम के आधार पर जारी बिक्री दर के अनुसार 24 कैरेट सोना 1,60,300 रुपये प्रति 10 ग्राम, जबकि 22 कैरेट सोना 1,48,400 रुपये प्रति 10 ग्राम है। वहीं 18 कैरेट सोने का भाव 1,22,600 रुपये प्रति 10 ग्राम दर्ज किया गया है।
चांदी में 999 शुद्धता का भाव 2,43,000 रुपये प्रति किलोग्राम बताया गया है। एसोसिएशन की ओर से स्पष्ट किया गया है कि बताए गए बिक्री रेट में जीएसटी, मेकिंग और हॉलमार्क चार्ज अलग से लागू होंगे। ऐसे में ग्राहकों को आभूषण खरीदते समय अंतिम बिल में इन अतिरिक्त शुल्कों को भी ध्यान में रखना होगा।
चौक स्थित विनोद ज्वैलर्स में भी जन्माष्टमी को देखते हुए भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप लड्डू गोपाल के लिए विभिन्न प्रकार के विशेष श्रृंगार के जेवर उपलब्ध कराए गए हैं। यहां अलग-अलग रेंज और बजट में ग्राहकों के लिए श्रृंगार सामग्री तैयार की गई है। चांदी के आकर्षक फ्रेम में लड्डू गोपाल तथा राधा-कृष्ण की सुंदर प्रतिमाएं भी लोगों को पसंद आ रही हैं।
इसके अलावा गोल्ड फाइल के आकर्षक डिजाइनों में तैयार की गई राधा-कृष्ण की कलाकृतियां भी बाजार में उपलब्ध हैं। धार्मिक आस्था के साथ घर की सजावट के लिए भी इन कलाकृतियों को पसंद किया जा रहा है। दुकानदारों का कहना है कि जन्माष्टमी पर श्रद्धालु पूजा के साथ-साथ अपने घर के मंदिर को आकर्षक बनाने के लिए भी विशेष वस्तुओं की खरीदारी करते हैं।
भगवान श्रीकृष्ण से जुड़ी आस्था को ध्यान में रखते हुए बाजार में चांदी की गाय-बछड़े की सुंदर प्रतिमाएं भी उपलब्ध हैं। अलग-अलग आकार और आकर्षक डिजाइन में तैयार की गई इन प्रतिमाओं को श्रद्धालु पूजा और घर की सजावट के लिए खरीद रहे हैं। श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं और उनसे जुड़ी धार्मिक मान्यताओं के कारण गाय-बछड़े की प्रतिमाओं का भी विशेष महत्व माना जाता है।
सर्राफा कारोबारियों के अनुसार जन्माष्टमी के मौके पर ग्राहक केवल आभूषण ही नहीं खरीदते, बल्कि पूजा और श्रृंगार से जुड़ी चांदी की छोटी-छोटी वस्तुओं को भी प्राथमिकता देते हैं। इसी मांग को देखते हुए बाजार में इस बार उत्पादों की विविधता बढ़ाई गई है।
चौक सर्राफा बाजार में जन्माष्टमी की तैयारियों में इस बार एक खास बात यह देखने को मिल रही है कि ग्राहकों के लिए अलग-अलग बजट के विकल्प उपलब्ध कराए गए हैं। हल्की प्रतिमाओं से लेकर चांदी के बारीक श्रृंगार तक कई तरह के विकल्प मौजूद हैं। इससे ऐसे श्रद्धालुओं को भी खरीदारी में सुविधा हो रही है जो कम वजन में आकर्षक श्रृंगार सामग्री लेना चाहते हैं।
विनोद महेश्वरी के अनुसार जन्माष्टमी केवल धार्मिक पर्व नहीं है, बल्कि श्रद्धा, भक्ति और आस्था से जुड़ा उत्सव है। लोग अपने घरों में लड्डू गोपाल को विराजमान कर उन्हें परिवार के सदस्य की तरह सजाते-संवारते हैं। यही वजह है कि जन्माष्टमी के अवसर पर भगवान श्रीकृष्ण से जुड़े श्रृंगार और पूजा सामग्री की मांग विशेष रूप से बढ़ जाती है।
बाजार में आई नई श्रृंगार सामग्री में कारीगरों की बारीक कारीगरी भी देखने को मिल रही है। छोटे आकार के मुकुट, नन्हीं बांसुरी, कंठी और ब्रेसलेट को आकर्षक बनाने के लिए डिजाइन और फिनिशिंग पर विशेष ध्यान दिया गया है। लड्डू गोपाल के आकार के अनुसार अलग-अलग साइज में श्रृंगार सामग्री तैयार की गई है, ताकि श्रद्धालु प्रतिमा के अनुरूप आभूषण का चयन कर सकें।
दुकानदारों को उम्मीद है कि जन्माष्टमी के नजदीक आने के साथ बाजार में ग्राहकों की संख्या और बढ़ेगी। विशेष रूप से पर्व से एक-दो दिन पहले लड्डू गोपाल के श्रृंगार और पूजा सामग्री की खरीदारी में तेजी आने की संभावना है। बाजार में पहले से की गई तैयारियों के चलते दुकानदारों ने विभिन्न डिजाइन और रेंज का पर्याप्त स्टॉक रखा है।
जन्माष्टमी के मौके पर चौक और अमीनाबाद का सराफा बाजार धार्मिक आस्था और कारोबार के अनूठे संगम का गवाह बन रहा है। एक ओर दुकानों में सोने-चांदी के ताजा भाव ग्राहकों की नजर में हैं, तो दूसरी ओर भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप लड्डू गोपाल के लिए सजे चांदी के आभूषण और प्रतिमाएं लोगों का ध्यान खींच रही हैं। बाजार में पहुंचने वाले श्रद्धालु खरीदारी के साथ लड्डू गोपाल के लिए नए श्रृंगार की तलाश करते नजर आ रहे हैं।
जन्माष्टमी के पर्व को लेकर सराफा बाजार की यह रौनक इस बात का संकेत दे रही है कि धार्मिक पर्वों के साथ जुड़ी परंपराएं आज भी लोगों की खरीदारी की पसंद को प्रभावित करती हैं। इस बार नए डिजाइन, हल्की प्रतिमाओं और चांदी के आकर्षक श्रृंगार की उपलब्धता ने बाजार को एक अलग ही रंग दे दिया है। कृष्ण भक्ति से सजे चौक सराफा बाजार में जन्माष्टमी की तैयारियां अब अंतिम दौर में पहुंच चुकी हैं और दुकानों पर सजे लड्डू गोपाल श्रद्धालुओं को अपनी ओर आकर्षित कर रहे हैं।
24 कैरेट सोना : ₹1,60,300
22 कैरेट सोना : ₹1,48,400
18 कैरेट सोना : ₹1,22,600
चांदी 999 : ₹2,43,000 प्रति किलोग्राम
नोट : जीएसटी, मेकिंग और हॉलमार्क चार्ज अतिरिक्त हैं।
Updated on:
01 Sept 2026 09:41 am
Published on:
01 Sept 2026 09:41 am
