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‘लवप्रीत पाइप के सहारे उतरीं, जयंत तीसरी मंजिल से कूदे’, रीढ़ की हड्डी टूटी…लखनऊ अग्निकांड से बचकर निकले लोगों ने बताई रोंगटे खड़े करने वाली दास्तां

Lucknow Coaching Centre Fire: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में हुए भीषण अग्निकांड (Fire Accident) में जान गंवाने वालों के परिवार में मातम छाया है। इस हादसे में किसी तरह से जान बचाने वालों ने अपनी आपबीती बताई है।
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लखनऊ

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Vinay Shakya

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Jun 22, 2026

fire in lucknow coaching centre

लखनऊ कोचिंग सेंटर अग्निकांड (फोटो- पत्रिका)

Lucknow Fire Tragedy: लखनऊ के अलीगंज इलाके में एक कमर्शियल बिल्डिंग हुई आग की घटना ने पूरे प्रदेश को हिलाकर रख दिया। इस हादसे में 15 लोगों की मौत हो गई है। लखनऊ के इस अग्निकांड में जान गंवाने वाले ज्यादातर स्टूडेंट्स हैं। मरने वालों में 3 महिलाएं और 12 पुरुष शामिल हैं। हादसे से किसी तरह बचकर निकले लोगों ने लखनऊ कोचिंग सेंटर अग्निकांड (Coaching Centre Fire) का भयानक मंजर बयां किया है।

कई लोगों ने छत से कूदकर बचाई जान

लखनऊ अग्निकांड से बचकर निकले लोगों ने आपबीती बताई है। बिल्डिंग में काम करने वाले मोहम्मद आसिन ने बताया- बिल्डिंग में आग लगने के बाद अफरा-तफरी मच गई। जान बचाने के लिए लोग इधर-उधर भागने लगे। कुछ लोगों ने खुद को बचान के लिए बाथरूम में कैद कर लिया। आसिन ने कहा कि हम लोग बाहर निकले तो सीढ़ियों पर धुआं भरा था। उन्होंने कहा कि मैं ऊपरी मंजिल से तार पकड़कर नीचे उतरा। तब जाकर किसी तरह से जान बची।

बिल्डिंग में आग लगने के बाद एक युवती लवप्रीत पाइप के सहारे नीचे कूद गई। नीचे गिरने की वजह से उसकी रीड़ की हड्डी में चोट लगी है। इसी तरह जान बचाने के लिए जयंत और 5 अन्य लोग तीसरी मंजिल से तार के सहारे कूद गए। इस दौरान नीचे गिरने पर उनकी हड्डी में फ्रैक्चर हुआ है। अन्य कई स्टूडेट्स ने भी इसी तरह से अपनी जान बचाई है। इस घटना में घायल हुए सभी लोगों का KJMU में इलाज चल रहा है।

आदित्य श्रीवास्तव लापता

अग्निकांड के बाद एक छात्र आदित्य श्रीवास्तव लापता है। बिल्डिंग में आग लगने पर आदित्य ने अपने दोस्त को फोन करके मदद मांगी थी। आदित्य ने अपने साथी से कॉल करके कहा कि मैं फंसा हुआ हूं, मुझे निकाल लो। इसके बाद से उसकी कोई सूचना नहीं मिली। आदित्य के दोस्त ने उसकी मां कल्पना श्रीवास्तव को इसकी जानकारी दी। इसके बाद कल्पना और आदित्य का दोस्त मौके पर पहुंचे, लेकिन अभी तक उसका पता नहीं चला है।

बेटे को ढूंढते हुए बेहोस हुई मां

आदित्य की मां कल्पना अपने बेटे को खोजने के लिए रोती-चीखती रही। रोते-चिल्लाते हुए मां का गला बैठ गया और वह बेहोश होकर गिर गई। कल्पना, रोती-बिलखती कहती रही- कोई मेरे बेटे को ढूंढ दो। अब हम क्या करेंगे? इतना कहते-कहते वह बेहोश होकर गिर गई। उसने रोते हुए कहा कि मेरा बेटा अब इस दुनिया में नहीं रहा।

मृतकों के परिजनों से मिले CM योगी

अग्निकांड की घटना के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घटना स्थल का निरीक्षण किया है। इस दौरान डिप्टी CM ब्रजेश पाठक भी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और हादसे के बारे में जानकारी ली है। इसके बाद योगी आदित्यनाथ ने ट्रॉमा सेंटर में मृतकों के परिजनों से मुलाकात की। इस दौरान सीएम ने कहा- इस घटना में जिम्मेदार किसी भी अधिकारी को बख्शा नहीं जाएगा।