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UP Budget 2023- 24 : राज्य कर्मचारियों के लिए निराशाजनक बजट: हरिकिशोर

राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद ने बजट से निराश है उन्होंने कहा कि इस बजट में एक मध्यम वर्ग और श्रमिक वर्ग के लिए परिवार चलाना बहुत ही मुश्किल कर दिया हैं।
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लखनऊ

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Ritesh Singh

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Updated: 23 Feb 2023, 8:17 AM IST

वित्त मंत्री ने 10 प्रतिशत लोगों को छोड़ा भगवान भरोसे

वित्त मंत्री ने 10 प्रतिशत लोगों को छोड़ा भगवान भरोसे

राज्य सरकार के वित्त मंत्री ने विधानसभा में राज्य का वित्ती लेखा-जोखा प्रस्तुत किया गया। जिसे देखने से उत्तर प्रदेश स्तर के कर्मचारियों को बेहद निराशा ही हाथ लगी। राज्य कर्मचारी परिषद के अध्यक्ष हरि किशोर तिवारी ने कहा कि वर्ष 2023 2024 के बजट में उपाध्याय राज्य कर्मचारी कैशलेस योजना के लाभार्थियों के लिए किसी प्रकार की घोषणा न किया जाना और आयुष्मान कार्ड धारक के फंड को न बढ़ाएं जाने पर भी गहरी निराशा हाथ लगी।

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वित्त मंत्री ने 10 प्रतिशत लोगों को छोड़ा भगवान भरोसे

वित मंत्री माध्यम से आयुष्मान कार्ड धारको की संख्या दो करोड़ 34, लाख बतायी गई है। जबकि उत्तर प्रदेश की जनसंख्या लगभग 24, करोड़ से ऊपर है। इस प्रकार दस प्रतिशत लोंगों को भी सरकार ने चिकित्सा की तरफ ध्यान न देकर उन्हे भगवान भरोसे छोड़ दिया है।

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बाल श्रम में लगे बच्चों को मिला योजना का लाभ

हरि किशोर तिवारी ने कहा कि असाध्य रोगों की चिकित्सा जैसे घुटना प्रत्यारोप है। लीवर प्रत्यारोपण कूल्हा प्रत्यारोपन पेट व मस्तिष्क एवं और हार्ट की बीमारियों के मात्र 4 सौ करोड़ की व्यवस्था की गई। असंगठित क्षेत्र के कर्मचारी समाज के लिए केवल एक सौ करोड़ की व्यवस्था है, जो सालभर उनके परिवार के जीवन यापन के लिए होगा। वित्त मंत्री ने कहा कि बाल श्रम में लगे कुल बच्चों में से केवल 2 हजार को ही सरकार की योजना का लाभ दिया जाएगा।