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मायावती व अखिलेश का यह सबसे करीबी पहुंचा सपा दफ्तर, बड़ी घोषणा की तैयारी

-कहा जा रहा है कि बैठक चुनावी खर्चों को लेकर है -इस शक्स की वजह से ही दोनों ही दलों के बीच गठबंधन की बात शुरू हुई थी
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लखनऊ

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Ruchi Sharma

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Jun 06, 2019

akhilesh

मायावती व अखिलेश का यह सबसे करीबी पहुंचा सपा दफ्तर, बड़ी घोषणा की तैयारी

लखनऊ. भारत के रियल एस्टेट डेवलपर्स एसोसिएशन परिसंघ ( क्रेडाई ) के लखनऊ अध्यक्ष संजय सेठ ने गुरुवार को समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष व पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से मुलाकात करने दफ्तर पहुंचे। सूत्रों के मुताबिक बसपा से गठबंधन टूटने के बाद दोनों के बीच ये अहम मुलाकात है। कहा जा रहा है कि बैठक चुनावी खर्चों को लेकर है। बता दें कि समाजवादी पार्टी से राज्यसभा सांसद संजय, शालीमार ग्रुप के दो प्रमुखों में से एक है। संजय के प्रदेश के बड़े नेताओं और नौकरशाह के बीच अच्छी बैठ मानी जाती है। संजय सेठ मायावती व अखिलेश यादव दोनों के बेहद करीब माने जाते हैं।

कहा जाता है कि मायावती और अखिलेश के बीच गठबंधन के पीछे संजय सेठ ही मुख्य थे। संजय सेठ ने ही अखिलेश और मायावती के बीच पहली बातचीत करवाई थी। इसके बाद से ही दोनों ही दलों के बीच गठबंधन की बात शुरू हुई।

जानिए, कौन है संजय सेठ

बिल्डर से राजनेता बने संजय सेठ को मुलायम सिंह यादव के परिवार का काफी करीबी माना जाता है। संजय सेठ की कंपनी शालीमार बिल्डर रियल एस्टेट कारोबार से जुड़ी है। संजय सेठ को मुलायम सिंह यादव के छोटे बेटे प्रतीक यादव का खास माना जाता है। प्रतीक भी रियल एस्टेट इंडस्ट्री से जुड़े हैं। पेशे से बिल्डर और समाजवादी पार्टी के दिग्गज नेताओं में से एक संजय सेठ वर्तमान में राज्यसभा सांसद हैं। वे सपा में कोषाध्यक्ष की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं।

वहीं सूत्रों के मुताबिक मुलायम सिंह यादव ने सैफई में परिवार के सदस्यों की मीटिंग बुलाई है और इसमें शिवपाल यादव की वापसी को लेकर फैसला हो सकता है। इससे पहले भी चुनाव नतीजों के बाद खबर आई थी कि मुलायम सिंह यादव ने अखिलेश को पुराने नेताओं को वापस पार्टी में लेने को कहा है।

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