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हमारा इरादा ‘बॉस’ बनने का नहीं, अमरीका को चुनौती देना असंभव: चीन

चीन के रक्षा मंत्री वे फेंग ने शांगरी-ला डायलॉग में दिया बयान कहा, ट्रेड वॉर दोनों देशों के नागरिकों के हित में नहीं है अमरीका ने चीन के सामानों पर टैरिफ बढ़ा दिया है
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नई दिल्ली

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Mohit Saxena

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Updated: 7 Jun 2019, 1:48 PM IST

china

हमारा इरादा बॉस बनने का नहीं, अमरीका को चुनौती देना असंभव: चीन

वाशिंगटन। अमरीका और चीन के बीच तनाव बढ़ता जा रहा है। ट्रेड वॉर के कारण दोनों के बीच वाक युद्ध तेज हो गया है। चीन का कहना है कि उसकी मंशा अमरीका से दुनिया के 'बॉस' का तमगा छीनने की नहीं है। हालांकि उसने अमरीका के साथ जारी व्यापार युद्ध से पीछे हटने की प्रतिबद्धता दोहराई है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार चीन के रक्षा मंत्री वे फेंग ने कहा कि चीन का ऐसा कोई इरादा नहीं है कि वह दुनिया के 'बॉस' की तरह जाना जाए। फेंग ने कहा कि न ही चीन के पास इतनी ताकत है कि वह यह दर्जा पाने के लिए अमरीका को चुनौती दे सके।

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बातचीत के जरिए इसका हल निकले

चीनी रक्षा मंत्री ने यह बात रविवार को शांगरी-ला डायलॉग के दौरान कही जो क्षेत्रीय सुरक्षा के मसले पर आयोजित किया गया था। उन्होंने आगे कहा कि अगर अमरीका वार्ता करना चाहता है तो वह इसका स्वागत करेंगे। लेकिन अगर वह लड़ना चाहता है तो वह आखिर तक लड़ेंगे। चीनी रक्षा मंत्री ने कहा कि चीन और अमरीका के बीच जारी संघर्ष न तो दोनों देशों के नागरिकों हित में हैं और न ही विश्व के लिए सही है। सिंगापुर में आयोजित सम्मेलन में चीनी रक्षा मंत्री ने कहा कि चीन चाहता है कि बातचीत के जारिए इसका हल निकले। मगर इसका यह कतई मतलब नहीं है कि वह डरा हुआ है।

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मतभेदों को अपने आप दूर कर लेंगे

इसी से एक दिन पहले अमरीकी रक्षा मंत्री पैट्रिक शानहान ने शांगरी-ला सम्मेलन में ही कहा था कि आखिर में अमरीका और चीन अपने मतभेदों को दूर कर ही लेंगे। हालांकि, उन्होंने चीन की आलोचना करते हुए कहा कि चीन अपने व्यवहार से एशिया में अविश्वास के बीज बो रहा है। गौरतलब है कि अमरीका और चीन के बीच जारी तनाव की स्थिति मई महीने से और बदतर हो गई। गौरतलब है कि अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चीन पर समझौतों में किए गए अपने वादों से मुकरने का आरोप लगाया है। अमरीका ने चीन के सामानों पर टैरिफ बढ़ा दिया है।

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