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ट्विटर ने डोनाल्ड ट्रंप व जर्मन चांसलर एंजेला मर्केल नाम के 45 फर्जी अकाउंट को किया बंद

न्यूज रिपोर्ट के मुताबिक ट्विटर ने रुस से सीधे तौर से जुड़े इन खातों के नेटवर्क का पता चलने के बाद यह कदम उठाया है।
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नई दिल्ली

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Rajkumar Pal

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Updated: 25 Nov 2017, 5:55 PM IST

नई दिल्ली: ट्विटर पर 45 ऐसे संदिग्ध एकाउंट को बंद कर दिया गया। जिन पर रसियन प्रोपगेंडा में सम्मिलित होने की आशंका थी। इनमें से कई एकाउंट्स जर्मन में थे, और इन अकाउंट से मुख्यतः जर्मनी की चांसलर एंजेला मर्केल के बारें में फर्जी खबरें और अफवाहें फैला कर दुष्प्रचार किया जा रहा था। वहीं बाकी अकाउंट इंग्लिश में थे। जिससे अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प और ब्रेक्सिट के बारे में ट्वीट्स और री-ट्वीट्स किए जाते थे।

बजफीड न्यूज की रिपोर्ट के मुताबिक ट्विटर ने रुस से सीधे तौर से जुड़े इन खातों के नेटवर्क का पता चलने के बाद यह कदम उठाया है। बजफीड न्यूज के रिपोर्ट में यह भी कहा गया कि इन 45 संदिग्ध ट्विटर खातों का पता विश्लेषण के बाद चला है। ट्विटर ने इस संबंध में कड़ा कदम उठाते हुए इन 45 खातों को बंद कर दिया।

ट्विटर पर 156,252 रूसी खाते मिले हैं

डेटा वैज्ञानिकों के एक समूह को इस महीने ट्विटर पर 156,252 रूसी खाते मिले हैं। जिनमें ब्रेक्सिट का उल्लेख था और इन खातों से मतदान के 48 घंटों के दौरान ईयू जनमत संग्रह से संबंधित 45,000 संदेश पोस्ट हुए थे। वेल्स में स्वान्सी विश्वविद्यालय और कैलीफोर्निया विश्वविद्यालय के डेटा वैज्ञानिकों के मुताबिक 150,000 से अधिक रूसी खातों से यूक्रेन संघर्ष से लेकर ब्रेक्सिट तक के बारे में ट्वीट किया गया था।

रिपोर्ट के मुताबिक इतने पोस्ट हुए

वहीं रिपोर्ट के मुताबिक इन खातों से 13 जून से एक दिन पहले 1,000 से कुछ अधिक पोस्ट हुए थे। जिनमें से कई पुतिन के समर्थन में थे। जबकि इन खातों से 23 से 24 जून के बीच 39,000 पोस्ट हुए थे। इस खबर के मुताबिक लेखकों में से एक फाम ने टेकक्रंच से कहा कि अधिकतर ब्रेक्सिट ट्वीट लोकमत संग्रह से एक दिन बाद 24 जून 2016 को किए गए थे। वहीं शोधकर्ताओं के मुताबिक अमेरिकी चुनाव के दौरान भी इन खातों के जरिए यही रुझान देखने को मिला था।