
हाथों से दिव्यांग हो चुके लोगों के लिए वरदान साबित होगा ये रोबोटिक आर्म
मुरादाबाद: तकनीक का इस्तेमाल अगर लोगों की सहूलियत और जरूरत के लिए हो तो इससे बेहतर कुछ नहीं हो सकता। इसी लिए लगातार मनुष्य के जीवन को सरल बनाने के लिए प्रयोग और तकनीकों का इजाद जारी है। इसी क्रम में मुरादाबाद इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी के इलेक्ट्रॉनिक्स एवं संचार अभियांत्रिकी के छात्रों ने एक ऐसी रोबोटिक आर्म बनाई है। जिसे अलग अलग टास्क देकर काम कराया जा सकता है। साथ ही साथ ये दिव्यांग हो चुके लोगों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है।
यहां हुई थी प्रतियोगिता
यहां बता दें कि मुरादाबाद इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी के इलेक्ट्रॉनिक्स एवं संचार अभियांत्रिकी के छात्रों की एक टीम ने आईटीएस इंजिनीयरिंग कॉलेज ग्रेटर नोएडा इंस्टीट्यूट में आयोजित टेक ट्रिक्स 2018 प्रतियोगिता में 15 कॉलेजों की 100 टीमों को पछाड़कर प्रथम पुरस्कार प्राप्त किया। आईटीएस इंजीनियरिंग कॉलेज ग्रेटर नोएडा में दिनांक 12 अक्टूबर 2018 को टेक ट्रिक्स 2018 नामक टेक्निकल प्रतियोगिता का आयोजन किया गया था। जिसमें कई सारी प्रतियोगिताएं आयोजित की गई थी। पोस्टर प्रेजेंटेशन प्रतियोगिता जिसमें बेताल द ह्यूमन मेटालिंब टॉपिक पर एम आई टी के 3 छात्रों पुरु खन्ना, पंकज कुमार , विकाश सिंघानिया और छात्रा संस्कृति कांत की टीम ने 25 प्रतियोगियों की टीमों को पछाड़कर प्रथम पुरस्कार प्राप्त किया।
ऐसे करती है काम
इसमे मशीन लर्निंग टेक्नोलॉजी, इमेज प्रोसेसिंग का उपयोग करते हुए प्रोजेक्ट को दिशा दी गयी। जिसमे इमेज प्रोसेसिंग के जरिए आर्म को अलग अलग तरीके के टास्क देकर ह्यूमन लाइफ को और आसान बनाया जा सकता है। इसका उपयोग वो लोग भी कर सकते है जिन्होने अपना हाथ किसी दुर्घटना में गवा दिया था, वो लोग इस आर्म को उपयोग करके अपने डेली रूटीन की चीज़ों को कर सकते है।
दी शुभकामनाएं
इलेक्ट्रॉनिक्स एवं संचार अभियांत्रिकी के विभाग अध्यक्ष डॉ छितिज सिंघल एवं संस्थान के निदेशक प्रोफेसर डॉक्टर भानु प्रताप सिंह ने सभी विजयी छात्र-छात्राओं को शुभकामनाएं दी और उनके उज्जवल भविष्य की कामना की।
Updated on:
16 Oct 2018 11:59 am
Published on:
16 Oct 2018 11:59 am
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