
मुरादाबाद. कहते हैं मारने वाले से बचाने वाला ज्यादा बड़ा होता है। कुछ ऐसी ही कहानी शहर के सिविल लाइन में भी देखने को मिल रही है। यहां दो दिन पहले एक महिला ने अपने सगे भतीजे की हत्या कर शव अपने घर में ही छिपाए रखा था। जिसे पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। बता दें कि आरोपी महिला के भी चार बच्चे हैं, जिसमें एक अभी बहुत छोटा है। हैरानी की बात ये है कि जिस मां के जिगर के टुकड़े की बेरहमी से हत्या कर दी गई। अब उसने ही अपने बच्चे की हत्यारी महिला के बच्चों के पालन-पोषण का जिम्मा उठा लिया है। पीड़ित महिला से जब इस संबंध में पूछा गया तो उसने सिर्फ इतना ही कहा कि इसमें मासूमों का क्या दोष है। जिसकी हर कोई खुले दिल से तारीफ कर रहा है।
बता दें कि शुक्रवार को थाने में बैठी नूरबानो वही पीड़ित महिला है, जिसके दो साल के मासूम बेटे फैज का अपहरण कर उसी की देवरानी राहिल ने बड़ी ही बेरहमी से मौत के घाट उतार दिया था। इसके बाद उसके टुकड़े-टुकड़े कर घर के अंदर रेत में दबा दिया और बच्चे को ढूंढने का नाटक करने लगी। जब पांच दिन बाद बदबू आनी शुरू हुई तो शव को बोरे में पैक कर कूड़े के ढेर पर फेंककर फरार हो गई थी। हालांकि इसके बाद राहिल को गिरफ्तार किया गया तो उसने हत्या की बात कबूल कर ली।
अपनी औलाद की तरह ही पालूंगी - नूरबानो
वहीं नूरबानो की ममता देखिये कि वह अपने बेटे का कत्ल करने वाली महिला की बेटी को भी अपनी औलाद की तरह गले से लगाए हुए है। नूरबानो का कहना है कि राहिल ने जो किया उसे उसके किए की सजा कानून देगा, लेकिन मैं उसकी औलाद को भी अपनी औलाद की तरह ही पालूंगी। आप सोच सकते हैं की नूरबानो अपने बेटे के सदमे के बावजूद इंसानियत को नहीं भूली है। वहीं दूसरी ओर जल्लाद औरत राहिल है, जिसने नूरबानो के मासूम बेटे की बेरहमी से सिर्फ इसलिए हत्या कर दी, क्योंकि उसे लगता था कि ससुर की ज़मीन में उसे पूरा हिस्सा नहीं मिल पा रहा है।
अब नूरबानो के इस फैसले में उसके पति के साथ ही उसके सास-ससुर भी साथ दे रहे हैं। यही नहीं पूरा इलाका अब नूरबानो के इस फैसले का मुरीद हो गया है।
Published on:
4 Nov 2017, 11:04 AM IST
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