
यहां सजा के तौर पर कर्मचारियों को खिलाये जाते है कच्चे अंडे
China Viral Video: कोरोना वायरस महामारी की दस्तक के बाद से दुनियाभर में नौकरी को लेकर लोग तनाव में है। कई जगहों पर वर्किंग कल्चर को लेकर अजीबोगरीब नियम हैं। वहीं चीन एक ऐसा देश है जहां नौकरी और वर्किंग कल्चर के बहुत सख्त नियम हैं। ऐसी ही एक चीनी कंपनी का खुलासा हाल ही में हुआ है, जहां लक्ष्य पूरा नहीं होने पर कर्मचारियों को सजा भुगतनी पड़ती है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, एक चीनी कंपनी ने लक्ष्य पूरा नहीं करने वाले अपने कर्मचारियों को बेहद अजीब सजा सुनाई, जिसकी चर्चा अब पूरी दुनिया में हो रही है। जानकारी के मुताबिक, चीनी प्रौद्योगिकी कंपनी (Technology Company) ने अपने खराब प्रदर्शन करने वाले कर्मचारियों को कथित रूप से कच्चे अंडे (Raw Egg) खाने के लिए मजबूर किये. हालांकि कंपनी के इस सख्त रवैये की सोशल मीडिया (Social Media) पर खूब आलोचना हो रही है। यह भी पढ़े- खड़ी पहाड़ी से फिसला मुंबई का युवक, 1000 फीट गहरी खाईं में गिरा, फिर हुआ यह चमत्कार!
चीनी कंपनी की यह नीति तब सभी को पता चली जब इसमें काम कर चुके एक कर्मचारी का वीडियो इंटरनेट पर सामने आया। यह वीडियो अब वायरल हो गई है। बताया जा रहा है की चीन के विश्वविद्यालय के दूसरे वर्ष के एक छात्र ने सोशल मीडिया पर प्रौद्योगिकी कंपनी के भयानक सच का खुलासा किया है। वह कंपनी में इंटर्नशिप कर रहा था, जिसके बुरे अनुभव के बारे में उसने अब वीडियो बनाकर शिकायत की है।
युवक ने दावा किया कि कंपनी अपने कर्मचारियों को तब कच्चे अंडे खिलाती है जब वे उनकी अपेक्षाओं पर खरे नहीं उतरते हैं। उसने बताया कि यह कंपनी की पॉलिसी है कि कर्मचारी को तय समय में अधिकतम ऑर्डर लाने ही होंगे, वर्ना उन्हें ऐसे ही दंडित किया जाएगा।
उसने आगे बताया कि इसी नियम का पालन करने से इनकार करने के परिणामस्वरूप उसकी इंटर्नशिप समाप्त कर दी गई और प्रबंधन ने कंपनी को जवाबदेह होने से बचाने के लिए मुझ पर इंटर्नशिप छोड़ने के लिए 'व्यक्तिगत कारणों' का हवाला देने का दबाव डाला।
छात्र के इस खुलासे के बाद सोशल मीडिया यूजर्स ने प्रौद्योगिकी कंपनी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है और खरी-खोटी सुना रहे है। इस बीच, चीनी सोशल मीडिया पर कंपनी के कर्मचारियों का कच्चा अंडा खाने का एक वीडियो वायरल हो रहा है। वीडियो पर प्रतिक्रिया देते हुए कंपनी के कस्टमर्स के साथ ही सोशल मीडिया यूजर्स ने ऐसी प्रथाओं की निंदा की है और कंपनी की इस करतूत को 'अमानवीय' कहा है। साथ ही कच्चे अंडे खाने के खतरों पर प्रकाश डालते हुए सभी जिम्मेदार लोगों के खिलाफ एक्शन की डिमांड की है।
उधर, आलोचना का जवाब देते हुए कंपनी ने कहा कि उसके कर्मचारी पहले से इस पॉलिसी से परिचित हैं जिसमें कच्चे अंडे खाने की शर्त रखी गयी है।
बता दें कि एक चीनी लेबर निरीक्षण दल कथित तौर पर मामले की जांच कर रहा है, लेकिन कानूनी विशेषज्ञों का कहना है कि कंपनी को दोषी बताने के लिए सिर्फ छात्र का वीडियो काफी नहीं है, और अधिक सबूत की आवश्यकता होगी क्योंकि वह अनपेड इंटर्नशिप कर रहा था, जिस वजह से वह श्रम कानूनों के दायरे में नहीं है।
Published on:
26 Aug 2022, 5:18 PM IST
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