
मुजफ्फरनगर. युवाओं की बॉडी बनाने के नाम उनके स्वास्थ्य से खिलवाड़ करते हुए नकली फूड सप्लीमेंट बेचा जा रहा है। करोड़ों रुपए की कीमत का नकली फूड सप्लीमेंट बरामद करते हुए क्राइम ब्रांच व थाना सिविल लाइन पुलिस ने इसका खुलासा किया है। पुलिस ने नकली फूड सप्लीमेंट बनाकर सप्लाई करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए तीन आरोपियों को भी गिरफ्तार किया है। पकड़े गए फूड सप्लीमेंट की कीमत लगभग डेढ़ से 2 करोड़ रुपए बताई जा रही है, जिसे आरोपी द्वारा लगभग 6 से 7 करोड़ रुपए में बेचा जाना था।
एसएसपी अभिषेक यादव ने पुलिस लाइन स्थित सभागार में प्रेसवार्ता कर जानकारी देते हुए बताया कि थाना सिविल लाइन पुलिस और क्राइम ब्रांच की टीम ने छापेमारी कर एक ऐसे गिरोह को पकड़ा है, जो जिम करने वाले युवाओं के स्वास्थ्य और जीवन से खिलवाड़ कर रहा था। यह गिरोह प्रसिद्ध कंपनियों के ब्रांड से नकली फूड सप्लीमेंट बनाकर सप्लाई करने का काम करता था। इस गिरोह पर गैंगस्टर के तहत कार्यवाही की जाएगी। उन्होंने युवाओं से सलाह दी कि जिम में जाकर बॉडी बनाने वाले युवा इस तरह का फूड सप्लीमेंट कतई न खाएं जो उनके जीवन के लिए घातक साबित हो सकता है। उन्होंने बताया कि पकड़ा गया गिरोह इंटरनेशनल स्तर पर कार्य कर रहा था, जो मुजफ्फरनगर के अलावा उत्तर प्रदेश के बरेली समेत अन्य कई जिलों व हरियाणा, महाराष्ट्र आदि प्रदेशों में नकली फूड सप्लीमेंट सप्लाई करता है।
पुलिस गिरफ्त में आए आरोपियों के नाम जुबेर आलम पुत्र नसीम आलम निवासी सरवट रोड सुपर मार्केट थाना सिविल लाइन, मोहम्मद आरसी पुत्र मोहम्मद मशकूर निवासी दक्षिणी खालापार, आमिल पुत्र नूरहसन निवासी गांव कुकड़ा है। इनके कब्जे से पुलिस ने 1 लाख 42 हजार 261 विभिन्न कंपनियों के नकली रैपर, 572 विभिन्न कंपनियों के प्रोटीन के भरे हुए डिब्बे, 9 हजार 500 विभिन्न कंपनियों के नाम से प्रोटीन के खाली डिब्बे, 28 बोरे माल्टा कर्बोहाइट्रेट, डेकसोना व सिप्लेटीन की टेबलेट्स व नकली प्रोटीन बनाने में इस्तेमाल होने वाली सामग्री और उपकरण बरामद किए हैं।
Published on:
23 Nov 2020 05:28 pm
