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टिकट मिलने के बाद विधायक शेखावत ने किया सबसे पहले यह काम

क्षेत्र में घूमते हुए मिली जानकारी, फिर पहुंचे पार्टी कार्यालय
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नागदा

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Lalit Saxena

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Updated: 3 Nov 2018, 8:02 AM IST

patrika

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नागदा. शुक्रवार सुबह 11 बजे मैं समीपस्थ ग्राम लेकोडिय़ा में जनसंपर्क कर रहा था, तभी गनमैन ने वाट्सऐप देखकर कहा कि भैया आपकी टिकट हो गई। उसके बाद मैसेज व फोन आने लगे। वहां से नायन डैम स्थित त्यागी महाराज का आशीर्वाद लेने पहुंचा। यह बात नागदा-खाचरौद विधायक व फिर प्रत्याशी बने दिलीपसिंह शेखावत ने पत्रिका से चर्चा में कहीं। कुछ ही देर में समर्र्थकों का मजमा लग गया, खुशी में समर्थकों ने मिठाई बांटकर आतिशबाजी की।
प्रोफेशन : ट्रांसपोर्टर व्यवसाय हैं। व्यापार-व्यवसाय नागदा से संचालित।
सोशल मीडिया: फेसबुक पर एक नवंबर को मात्र साल में किए अनगिनत विकास कार्य, हर कसौटी पर खरा नागदा-खाचरौद का विकास सबका साथ सबका विकास कार्य लिखकर पोस्ट डाली गई है, जिसमें सीएम का एक न्यूज चैनल के साथ संवाद का वीडियो भी है।
पहचान: शरीर से हस्ट पुष्ट हैं साथ ही हर छोटे-बड़े कार्यकर्ता को नाम से पहचान लेते हैं।
राजनीतिक अनुभव : भाजपा प्रत्याशी शेखावत ने यूं तो छात्र राजनीति से अपने कॅरियर की शुरुआत की थी। बाद में वे ग्रेसिम उद्योग में बतौर श्रमिक सेवा कार्य से जुड़े। इस दौरान भाजपा युवा मोर्चा में प्रदेश उपाध्यक्ष समेत कई पदों पर कार्य भी किया।
कॅरियर ग्राफ : राजनीतिक जीवन में पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती के कार्यकाल में सबसे पहले सीएम हाउस में जिम्मेदारी मिली थी। उमा के मुख्यमंत्री काल में ही उन्हें वर्ष 2004 में ऊर्जा विकास निगम का अध्यक्ष बनाया गया।
कोर टीम - बचपन के दोस्त विजय पोरवाल, राजेंद्र्र अवाना, प्रदीप राठी, सत्येंद्र शेखावत व ट्रांसपोर्टर कार्य भाई सज्जनसिंह शेखावत व परिजनों की देखरेख में होता है।
रिकॉर्ड: नागदा- खाचरौद से मौजूदा विधायक हैं। सड़कों का जाल बिछाया।
ठिया - नागदा कार्यालय व मनोहर वाटिका गृह निवास।
लाइफ स्टाइल - खुशमिजाजी स्वभाव, अक्सर राजस्थानी कुर्ता-पायजामा। कभी शर्ट व जींस-टीशर्ट भी पहनते हैं।
प्रतिद्वंद्वी- कांग्रेस से टिकट घोषित नहीं
औद्योगिक प्रदूषण है समस्या
दिलीप शेखावत ने नागदा को जिला बनाने का वादा अब तक नहीं निभाया है। बुनियादी सुविधाओं के अभाव के साथ औद्योगिक प्रदूषण और बेरोजगारी बड़ी समस्या है। हाल ही में उनका एक कथित ऑडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। शेखावत अपने ही एक कार्यकर्ता के साथ अभद्र भाषा और गाली-गलौज करते सुनाई दे रहे हंै। हालांकि विधायक ने ऑडियो को कांग्रेस की साजिश बताकर उसे किनारा कर लिया है।