
पूर्व सीएम महबूबा मुफ्ती। (फोटो-IANS)
Mehbooba Mufti and Article 370: भाजपा के सांसद और जम्मू-कश्मीर बीजेपी अध्यक्ष सत शर्मा ने पूर्व सीएम व PDP प्रमुख महबूबा मुफ्ती के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। उन्होंने तिरंगे के अपमान को गंभीर मामला बताया। न्यूज एजेंसी ANI से बात करते हुए सत शर्मा ने कहा कि उन पर कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए। सरकार इस पर फैसला करेगी। हालांकि, यह सवाल महबूबा के आर्टिकल 370 के बारे में पहले दिए गए बयानों से भी जुड़ा है। दरअसल, एक बार महबूबा ने कहा था कि अगर आर्टिकल 370 हटा दिया गया, तो तिरंगा उठाने वाला कोई नहीं बचेगा।
बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि जरा सोचिए, हम ऐसे लोगों से तिरंगे के सम्मान की उम्मीद कैसे कर सकते हैं? हम उनसे राष्ट्रीय ध्वज का सम्मान करने की उम्मीद कैसे कर सकते हैं? उनके लिए यह मायने न रखता हो, लेकिन तिरंगे का अपमान एक गंभीर मामला है। जो भी उचित कानूनी कार्रवाई हो। वह की जानी चाहिए।
आर्टिकल 370 को हटाए जाने की सातवीं बरसी से ठीक पहले PDP प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने श्रीनगर में विरोध प्रदर्शन किया और जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा बहाल करने और राजनीतिक कैदियों की रिहाई के लिए लड़ने की अपनी पार्टी की प्रतिबद्धता दोहराई। पत्रकारों से बात करते हुए महबूबा मुफ्ती ने कहा कि PDP, हमारा समुदाय, हम लड़ेंगे। कश्मीर मुद्दे को सुलझाने के साथ-साथ हम आर्टिकल 370 और 35A और देश भर की विभिन्न जेलों में बंद कैदियों की रिहाई के मुद्दे पर भी काम करेंगे।
मुफ्ती ने कहा कि धारा 370 इस क्षेत्र के लोगों की पहचान और अधिकारों के लिए जरूरी था। PDP चीफ ने दावा किया कि संवैधानिक प्रावधान स्थानीय लोगों की जमीन और रोजगार के अधिकारों की रक्षा करते थे। उन्होंने आगे कहा कि अगर यह सरकार कहती है कि राज्य में कानून-व्यवस्था सुधरी है तो हम उनसे कहेंगे कि वे नागरिक इलाकों से सेना को हटाकर कैंपों में वापस भेजें। उन्होंने आगे कहा कि मुजफ्फराबाद और रावलकोट सड़कों पर व्यापार फिर से शुरू करें, जो खुली हुई थीं। उन्होंने कहा कि कश्मीरी दोनों तरफ से परेशान हैं।
बीजेपी पर निशाना साधते हुए महबूबा ने कहा कि जिस तरह बीजेपी ने राम मंदिर के नाम पर राजनीति की, उसी तरह उन्होंने जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा छीन लिया। जैसे उन्हें उस काम के लिए सजा मिल रही है, वैसे ही उन्हें इसके लिए भी सजा मिलेगी। उन्होंने आगे कहा कि पूरे देश को यह संदेश देंगे कि जम्मू-कश्मीर के लोग जिंदा हैं और अनुच्छेद 370 हमारा अधिकार है।
Updated on:
05 Aug 2026 03:41 pm
Published on:
05 Aug 2026 03:17 pm
