15 अक्टूबर 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

Congress का बदला रुख: राहुल गांधी ने बढ़ाया हाथ, लेकिन एक धरे को अब भी CJP के इरादों पर संशय क्यों?

Congress and CJP: राहुल गांधी की हाई टी में कांग्रेस ने कॉकरोच जनता पार्टी के अभिजीत दीपके को बुलाने की कोशिश की। जानें CJP पर कांग्रेस का रुख क्यों बदला और किसे अब भी है संशय।
2 min read
Google source verification
SIR Controversy

कांग्रेस सांसद राहुल गांधी (Photo: IANS)

Rahul Gandhi, Abhijit Deepke: कॉकरोच जनता पार्टी को लेकर भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस का रुख बदलता हुआ दिख रहा है। बीते मंगलवार को मुख्य विपक्षी दल ने कॉकरोच जनता पार्टी के फाउंडर अभिजीत दीपके से संपर्क करने की कोशिश की। कहा गया कि लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष व कांग्रेस सांसद राहुल गांधी उन्हें हाई टी पार्टी में बुलाना चाहते हैं। इस पार्टी में इंडिया गठबंधन के नेता, सिविल सोसाइटी से जुड़े लोग और छात्र शामिल होंगे।

राहुल के बयान के बाद से बदला कांग्रेस का CJP के प्रति रुख

राहुल गांधी ने सोमवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ सभी प्रदर्शन एक ही आंदोलन का हिस्सा हैं। उन्होंने कहा कि कोई भी समानांतर प्रदर्शन नहीं है। ये सभी एक ही प्रदर्शन हैं। हमें फर्क नहीं पड़ता कि आप कौन हैं या किस संगठन से आते हैं। यदि आप संविधान की रक्षा के लिए लड़ रहे हैं तो कांग्रेस पार्टी और मैं आपके साथ हूं। कांग्रेस पार्टी आपका समर्थन करेगी। हम आपकी रक्षा और मदद करेंगे। राहुल गांधी ने CJP के नेता आशुतोष रांका और सौरव दास की गिरफ्तारी का विरोध करते हुए एक्स पर पोस्ट भी किया था। गौरतलब बात यह है कि उसी दिन जब कांग्रेस पार्टी सुप्रीम कोर्ट तक मार्च कर ही थी, तो CJP के नेता उस मार्च से दूर थे।

कांग्रेस की नजर कॉकरोच जनता पार्टी के 10 अक्टूबर के प्रदर्शन पर भी थी

जुलाई में हुए नीट पेपर लीक के खिलाफ प्रदर्शन के बाद कॉकरोच जनता पार्टी लोगों की नजर में है। उस दौरान CJP को भारी जनसमर्थन मिला था। अब CJP मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ मोर्चा खोले हुए है, लिहाजा देश की मुख्य विपक्षी पार्टी का ध्यान भी उस ओर है। सीजेपी के 10 अक्टूबर के प्रदर्शन के दौरान भारी सुरक्षा बंदोबस्त था। इस दौरान करीब 7,000 लोगों को हिरासत में लिया गया। कांग्रेस का आकलन था कि सीजेपी जून-जुलाई के जंतर-मंतर प्रदर्शनों जितनी भीड़ नहीं जुटा सका।

क्या प्रशांत भूषण CJP और कांग्रेस के बीच मध्यस्थ की भूमिका निभा रहे

सीनियर वकील और पूर्व आप नेता प्रशांत भूषण के करीबियों ने मीडिया को बताया कि कांग्रेस ने उनके जरिए अभिजीत दीपके से संपर्क साधने की कोशिश की। मीडिया ने कांग्रेस से जुड़े सूत्रों के हवाले से रिपोर्ट किया कि दीपके से कांग्रेस पार्टी का संपर्क हुआ, लेकिन दीपके ने इस दौरान कुछ खास दिलचस्पी नहीं दिखाई। सीजेपी के वरिष्ठ नेता आशुतोष रांका, सौरव दास और अजिंक्य शिंदे जंतर-मंतर पर अचानक प्रदर्शन करने के आरोप में पुलिस हिरासत में हैं, इसलिए उनके साथ पार्टी कोई भी संपर्क स्थापित नहीं कर पाई।

कांग्रेस के एक धरे को CJP पर संशय क्यों हैं?

कॉकरोच जनता पार्टी मई महीने में चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया सूर्यकांत के बयान के बाद उभरा था। इसके बाद जून-जुलाई में जंतर मंतर पर पेपर लीक के खिलाफ प्रदर्शन की अगुवाई की। इसके चलते धर्मेंद्र प्रधान को शिक्षा मंत्री के पद से इस्तीफा देना पड़ा। इसके बावजूद CJP को लेकर कांग्रेस पार्टी में एक वर्ग शंका में है। उनका मानना है कि CJP, आम आदमी पार्टी की ही एक विंग है। इस वर्ग का यह भी मानना है कि विपक्ष की राजनीतिक जगह सीजेपी को नहीं देनी चाहिए। अब पार्टी का आकलन है कि एसआईआर रद्द करने और सीईसी के इस्तीफे की मांग वाला अभियान मजबूती से इंडिया गठबंधन के नेतृत्व में चल रहा है।