झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के करीबियों की शेल कंपनियों में निवेश व माइनिंग लीज आवंटन मामले में झारखंड हाईकोर्ट के फैसले के खिलाफ दायर राज्य सरकार की स्पेशल लीव पिटीशन (SLP) पर आज सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हुई। झारखंड हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस डॉ रविरंजन व जस्टिस सुजीत नारायण प्रसाद की खंडपीठ ने राज्य सरकार की ओर से वरीय अधिवक्ता कपिल सिबल, हेमंत सोरेन की ओर से वरीय अधिवक्ता मुकुल रोहतगी व अधिवक्ता अमृतांश वत्स तथा ईडी की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता तुषार मेहता की दलील सुनने के बाद PIL की मेंटेनेबिलिटी पर सुनवाई के लिए 1 जून की तारीख तय की है।