
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़ने (File Photo- Patrika)
Mallikarjun kharge on PM CARES Fund: कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) द्वारा पीएम केयर्स फंड का मुद्दा उठाए जाने के बाद अब कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने इसको लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को निशाने पर लिया है। खरगे ने सोशल मीडिया पर साझा की गई पोस्ट में फंड की वित्तीय स्थिति और सार्वजनिक जवाबदेही को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से कई सवाल पूछे हैं। मल्लिकार्जुन खरगे ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए दावा किया है कि वित्त वर्ष 2024-25 के अंत में पीएम केयर्स फंड में 8,452 करोड़ रुपए की राशि मौजूद थी, जबकि पूरे साल में महज 87.85 लाख रुपए खर्च किए गए। यह राशि फंड के क्लोजिंग बैलेंस का करीब 0.01 फीसदी बताई गई है।
कांग्रेस अध्यक्ष ने इसी पोस्ट में आगे लिखा कि पीएम केयर्स फंड की संरचना का हवाला देते हुए कहा गया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इसके चेयरमैन हैं। वहीं, रक्षा मंत्री, गृह मंत्री और वित्त मंत्री इसके ट्रस्टी हैं। फंड को कॉरपोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी के तहत योगदान और टैक्स में कटौती योग्य दान भी प्राप्त होता है।
मल्लिकार्जुन खरगे ने पोस्ट में आरोप लगाया गया है कि पीएम केयर्स फंड को आम सार्वजनिक संस्थानों की तरह RTI की जांच के दायरे में नहीं रखा गया है। साथ ही, इसके CAG ऑडिट और संसद के प्रति जवाबदेही को लेकर भी सवाल उठाए गए हैं। पोस्ट में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से पूछा गया है कि प्रधानमंत्री के नाम पर बने इस फंड को सार्वजनिक जांच के सामान्य तंत्र से बाहर रखने का क्या औचित्य है। इसके अलावा यह भी सवाल किया गया है कि यदि यह एक आपातकालीन फंड है तो इसमें हजारों करोड़ रुपये जमा रहने के बावजूद 2024-25 में इतनी कम राशि क्यों खर्च हुई।
मल्लिकार्जुन खरगे ने पोस्ट में पीएम केयर्स फंड की तुलना श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट से भी की गई है। इसमें आरोप लगाया गया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दोनों संस्थाओं की स्थापना की घोषणा की थी और दोनों को उनके निरीक्षण में दान प्राप्त होता है। बता दें कि पीएम केयर्स फंड की कानूनी स्थिति, आरटीआई और CAG ऑडिट से जुड़े सवालों पर पहले भी सार्वजनिक बहस होती रही है।
Updated on:
20 Aug 2026 02:10 pm
Published on:
20 Aug 2026 02:10 pm
