
Ravneet Singh Bittu (Photo IANS)
चंडीगढ़। पूर्व केंद्रीय राज्यमंत्री और भाजपा नेता रवनीत सिंह बिट्टू ने पंजाब के पंजाब सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री भगवंत मान से इस्तीफा देने की मांग की है। साथ ही, उन्होंने कहा कि भगवंत मान की "ईमानदारी" का दिखावा पूरी तरह से खत्म हो गया है। रवनीत सिंह बिट्टू ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म 'एक्स' पर भगवंत मान का एक वीडियो क्लिप साझा करते हुए लिखा, जब तक भगवंत मान इस्तीफा नहीं देते, पंजाब भाजपा सड़कों पर विरोध करती रहेगी और यह लड़ाई कानूनी तौर पर भी लड़ेगी।
उन्होंने कहा कि प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मुख्यमंत्री कार्यालय (सीएमओ) में 61 गंभीर अनियमितताओं का जो खुलासा किया है, उससे साबित होता है कि भ्रष्टाचार सरकार के सबसे ऊंचे पद पर ही बैठा है। अधिकारियों के तबादलों से लेकर जमीन के सौदों और हथियारों के लाइसेंस तक, सब कुछ दिल्ली के विशेष कार्य अधिकारी (ओएसडी) और दलालों के जरिए किया जा रहा है। सीएम के ओएसडी और उनके करीबी सहयोगियों पर 'कमीशन' और रिश्वतखोरी के गंभीर आरोप हैं। क्या यही भगवंत मान का तथाकथित 'बदलाव' है?
रवनीत सिंह ने एक और पोस्ट में कहा कि पंजाब को लूटने का एक पारिवारिक धंधा। भगवंत मान की "ईमानदारी" का दिखावा पूरी तरह से खत्म हो गया है। ईडी की जांच अब सिर्फ उनके ओएसडी और राजनीतिक दलालों तक ही सीमित नहीं है। अब यह सीधे मुख्यमंत्री की पत्नी और बहन की ओर इशारा कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि चाहे होटल में पर्दे के पीछे हुई डील हो या कनाडा की विदेशी यात्राएं, पूरा सिस्टम रिश्वतखोरी और भ्रष्टाचार से भरा है, जिसे 'गिफ्ट' का नाम दिया गया है। क्या यही वह 'बदलाव' है जिसका वादा आम आदमी पार्टी ने राज्य से किया था? "कट्टर ईमानदारी" का सर्टिफिकेट कहां गायब हो गया?
उन्होंने कहा कि कानून अपना काम करेगा। दिल्ली में बैठे अपने आकाओं की तरह ही, जिन लोगों ने पंजाबियों की मेहनत की कमाई लूटी है, उन्हें सजा भुगतनी ही होगी। जवाबदेही तय होनी ही है और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
Updated on:
18 Aug 2026 03:24 pm
Published on:
18 Aug 2026 03:24 pm
