3 नवंबर 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

डंपिंग ग्राउड को लेकर लोगों ने भाजपा को दी चेतावनी, बोले- 2019 चुनाव में भुगतना पड़ेगा खामियाजा

फैसला नहीं बदला गया तो आगामी 2019 में होने वाले चुनाव का खामियाजा केंद्र सरकार को भुगतना पड़ेगा।
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

नोएडा

•

image

Rahul Chauhan

•

Updated: 10 Jun 2018, 3:19 PM IST

protest

डंपिंग ग्राउड को लेकर लोगों ने भाजपा को दी चेतावनी, बोले- 2019 चुनाव में भुगतना पड़ेगा खामियाजा

नोएडा। सेक्टर-123 में बन रहे डंपिंग ग्राउंड के खिलाफ लोगों का गुस्सा बढ़ता जा रहा है। इसके चलते रविवार को महापंचायत का आयोजन किया गया। जिसमें हजारों की संख्या में महिलाएं, युवा, ग्रामीण, सेक्टरवासी, सामाजिक संस्थाओं के लोग और विभिन्न राजनैतिक दलों के प्रतिनिधि शामिल हुए। लोगों की भारी संख्या को देखते हुए प्रशासन द्वारा भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया। इसके लिए जिले की सात थानों के पुलिस बल और पीएसी के जवानों को तैनात किया गया।

यह भी पढ़ें : रोजा इफ्तार पार्टी में भाजपा नेताओं की एंट्री को लेकर जारी हुआ ऐसा फरमान, लखनऊ से दिल्ली तक मचा शोर

बता दें कि महापंचायत में लोगों ने यहां बन रहे डंपिंग ग्राउंड का पुरजोर तरीके से विरोध किया और कहा की डंपिंग ग्राउंड को यहां किसी भी कीमत पर नहीं बनने दिया जाएगा। लोगों का कहना है कि नोएडा प्राधिकरण अपनी जिद पर अड़ा हुआ हैं और यहां पर रहने वाली लाखों की जनता के जीवन के साथ खिलवाड कर रहा है। इस दौरान प्रदर्शनकारी महेश का कहना था कि आखिर प्राधिकरण यहां डंपिंग ग्राउंड बनाकर हम लोगों के जीवन से खिलवाड क्यों कर रहा है।

यह भी पढ़ें : महिला ने पूरी नहीं की ये मांग तो पति ने अपने भाई के साथ मिलकर उठाया बड़ा कदम

इस महापंचायत में लोगों का जनप्रतिनिधि के किलाफ भी काफी रोष दिखने को मिला और लोगों ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि फैसला नहीं बदला गया तो आगामी 2019 में होने वाले चुनाव का खामियाजा केंद्र सरकार को भुगतना पड़ेगा।

यह भी पढ़ें : एक तरफ नूरपुर में सपा ने दर्ज की जीत, दूसरी ओर बिजनौर में चेयरमैन पति ने लगा दिया बड़ा आरोप

वहीं महापंचायत में महात्मा गांधी वेशभूषा में प्रदर्शन करने पहुंचे एसपी सिंह का कहना था की ये वेशभूषा उन्होंने संदेश देने के लिए धारण की है। उनका विरोध शांतिपूर्ण है। उनका ये भी कहना है कि डंपिंग ग्राउंड बने लेकिन शहर के बीच नहीं।

यह भी पढ़ें : भाजपा के फायरब्रांड विधायक संगीत सोम पर लगा ठगी का आराेप, इस बार पार्टी का नेता ही आया सामने

विरोध करने वाले लोगों का कहना है कि जिला प्रशासन, सरकार द्वारा दिए जा रहे आश्वासन झूठे हैं। प्राधिकरण तानाशाह बना हुआ है। वह सिर्फ शहर को कचरे के ढेर में तब्दील करना चाहता है। अधिकारी तो तबादला लेकर यहां से चले जाएंगे। लेकिन हमें यहां जीवन भर रहना है। ऐसे में यहां फेंके जाने वाले कूड़े से संक्रमण व बीमारियों की खतरा रहेगा। यह बीमारी हमारे बच्चों को लग सकती है। भविष्य के लिए यहां हम डंपिंग ग्राउंड नहीं बनने देंगे।

यह भी पढ़ें : जब 3 बार मौत को मात देने वाली नन्ही परी से मिलने पहुंची महिला मंत्री की भर आईं आंखें

महापंचायत में लोगों की भारी संख्या को देखते हुए प्रशासन ने शांति व्यवस्था और सुरक्षा की दृष्टि से भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया। इस दौरन जिले की सात थानों के कोतवाल और पुलिस बल, पुलिस लाइन के जवान और पीएसी के 300 जवान तैनात किए गए। इसके साथ ही उपद्रवी लोगों को चिन्हित करने के साथ 50 लोगों को बॉन्ड डाउन किया गया और कुछ लोगों जेल भी भेजा गया है।