30 अक्टूबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

सड़क दुघर्टना में तीन माह की खुशबू हुई अनाथ, मौत की चीत्कार में बदली सवा साल पहले हुई शादी

सवराड़ गांव के केजीबी आवासीय विद्यालय के पास चार दिन पूर्व हुए सड़क हादसे में पति की मौत के बाद सोमवार रात जोधपुर में उपचार के दौरान पत्नी ने भी दम तोड़ दिया। इससे गांव में शोक की लहर दौड गई।
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

पाली

•

image

Akshita Deora

•

Updated: 17 May 2023, 3:16 PM IST

photo_6280587379555284533_x.jpg

पाली/ पत्रिका न्यूज़ नेटवर्क। सवराड़ गांव के केजीबी आवासीय विद्यालय के पास चार दिन पूर्व हुए सड़क हादसे में पति की मौत के बाद सोमवार रात जोधपुर में उपचार के दौरान पत्नी ने भी दम तोड़ दिया। इससे गांव में शोक की लहर दौड गई। हादसे के चार दिन बाद भी आरोपी का पता नहीं लगने से आक्रोशित ग्रामीणों ने पुलिस पर ढिलाई बरतने का आरोप लगाते हुए थाने पर प्रदर्शन किया। पुलिस उप अधीक्षक मृत्युजंय मिश्रा ने ग्रामीणों से समझाइश की। तब जाकर ग्रामीण व परिजन शांत हुए।


इधर, मंगलवार को गमगीन माहौल में मृतका मंजूदेवी का अंतिम संस्कार किया गया। पुलिस के अनुसार गत 12 मई को निंबली मांडा निवासी प्रवीण (30) पुत्र भुंडाराम मीणा व उसकी पत्नी मंजूदेवी (25) अपनी तीन माह की बीमार पुत्री खुशबू को उपचार के लिए चिकित्सालय लेकर जा रहे थे। सवराड़ के पास अज्ञात वाहन की टक्कर से मोटर साइकिल पर सवार तीनों घायल हो गए। जिन्हें बांगड़ चिकित्सालय पाली लाया गया। चिकित्सकों ने प्रवीण को मृत घोषित कर दिया। पत्नी को जोधपुर रेफर किया गया।

यह भी पढ़ें : गहलोत काबिल सीएम, पायलट की जो मर्जी है करने दें: रंजन

सवा साल पहले ही हुई थी शादी
प्रवीण व मंजू की सवा साल पहले ही धूमधाम से शादी हुई थी। तीन माह पहले ही खुशबू का जन्म हुआ। इससे परिवार में खुशियों का माहौल था। हादसे में अपने बेटे व बहू को खो देने के बाद प्रवीण के माता-पिता के आंसू नहीं थम रहे। खुशबू का सहारा अब दादा-दादी ही रहे हैं। इधर, मंजू के अंतिम संस्कार के समय गमगीन माहौल रहा। ग्रामीणों की आंखें नम हो गईं।
प्रवीण के कंधों पर थी परिवार की जिम्मेदारीप्रवीण के पिता भुंडाराम मीणा का पिछले एक साल में दो बार एक्सीडेंट हो चुका है। इससे उनके हाथ व पांव फ्रैक्चर है। गत कई महीनों से वे घर पर ही है। इससे परिवार की जिम्मेदारी प्रवीण ने कंधों पर थी। मृतक प्रवीण मीणा गुजरात स्थित नमक की फैक्ट्री में काम करता था।


परिजनों ने जुटाए सुराग
दुर्घटना के बाद परिजनों व ग्रामीणों ने अपने स्तर पर घटना वाले दिन के सीसीटीवी फुटेज जुटाए है। इसमें थार गाड़ी जाती नजर आ रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि इसी वाहन की टक्कर से दोनों की जान चली गई।

यह भी पढ़ें : शराबियों की ये है सैरगाह, यहां बिकती है सबसे सस्ती शराब