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रफाल डील: कांग्रेस का मोदी सरकार पर हमला, झांकी निकालकर विरोध दर्ज कराया

कांग्रेस ने मोदी सरकार पर राष्ट्रीय सुरक्षा से समझौता करने का आरोप लगाया।
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नई दिल्ली

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Prashant Kumar Jha

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Updated: 8 Sep 2018, 8:22 PM IST

rafel deal

रफाल डील पर कांग्रेस का हमला, झांकी निकालकर विरोध दर्ज कराया

नई दिल्ली: रफाल डील को लेकर विपक्ष सत्ता पक्ष पर लगातार हमलावर है। कांग्रेस ने रफाल परेड' निकालकर मोदी सरकार को घेरने का प्रयास किया। परेड में रफाल विमानों की झांकी निकाली गईं। इस दौरान कांग्रेसी कार्यकर्ता पीएम मोदी और अनिल अंबानी के मुखौटे लगाकर प्रदर्शन करते नजर आए। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कनॉट प्लेस पर मोदी सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और देश को धोखा देने का आरोप लगाया।

मोदी सरकार ने देश को पहुंचाया नुकसान

कांग्रेस नेता ने एनडीए सरकार पर ‘राष्ट्रीय सुरक्षा से समझौता’ करने का आरोप लगाया। सुरेजवाला ने शनिवार को कहा कि अपने एक झूठ को छिपाने के लिए सरकार सौ झूट बोल रही है। उन्होंने कहा रफाल विमान फ्रांस से भारत आएंगे, वो भारत के हिसाब से विशिष्ठ बदलावों के बिना आएंगे। सुरजेवाला ने कहा, ‘यह स्पष्ट है कि मोदी और सीतारमण ने संसद के भीतर और बाहर जिस 'भारत-विशिष्ट उन्नयन’ का जिक्र किया था वे वही हैं, जिस पर कांग्रेस नेतृत्व वाली यूपीए सरकार द्वारा 126 राफेल लड़ाकू विमानों की अधिसूचना जारी करने से पहले वायुसेना ने निर्णय किया था। कांग्रेस नेता यहीं नहीं रुके, उन्होंने कहा कि यूपीए से तीन गुणा दाम पर 36 रफाल विमान खरीद कर मोदी सरकार ने देश को बड़ा नुकसान पहुंचाया है।सुरजेवाला ने कहा कि डील के मुताबिक, रफाल विमानों की आपूर्ति 2022 में होगी। लेकिन अगर साल 2015 में विमान की खरीदी हुई थी, तो उसकी आपूर्ति 2022 में क्यों होगी'। उन्होंने यह भी कहा कि आखिर ये आपाता खरीद कैसे हुई?

राहुल गांधी भी बोल चुके हैं हमला

इससे पहले कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी रफाल विमान खरीदी को लेकर मोदी सरकार पर हमला बोल चुके हैं। राहुल ने इस डील को जेपीसी से जांच कराने की मांग की है। हालांकि मोदी सरकार राहुल गांधी की मांग को खारिज कर चुकी है।

2022 तक होगी रफाल विमान की सप्लाई

गौरतलब है कि समझौते के तहत सितंबर, 2019 से लड़ाकू विमान भारते आने लगेगा। वहीं, साल 2022 तक फ्रांस तक सभी ३६ लड़ाकू विमान भारत सप्लाई कर देगा। वहीं, पहले रफाल विमान का फ्रांस में टेस्ट हो गया है और बचे ३५ विमान पर सितंबर २०१९ से काम शुरू हो जाएगा।